जल्दी कर दी मुझे पकड़ने में... अभी 6 हिन्दू नेताओं की लिस्ट बच गई है, कुछ दिन रुक जाते तो सबको मार देता ।
पंजाब में आये दिन हिन्दुओ नेताओ की हत्या हो रही है. हिन्दुओ के प्रति नफरत इतनी बड गयी है कि हिन्दू नेताओ को सुपारी देकर मारा जा रहा है. ये कुकर्म करने वाले इनके पीछे कोई ओर नहीं खालिस्तान लिबरेशन फोर्स है. केरल के बाद अब हत्याओं का मामला पंजाब प्रांत से अधिक आ रहा है. पहले भी हिन्दू नेताओ की हत्या हुई थी। हिन्दू नेताओ की हत्या का ये मामला पंजाब के जालंधर का है. जहां हिन्दू हत्याओं के आरोप में रणदीप सिंह को पंजाब पुलिस ने गिरफ्तार किया और परिजन के घरवाले इस बात का दावा कर रहे है रणदीप सिंह बेकसूर है।
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| कुछ दिन रुक जाते तो सबको मार देता |
दूसरी ओर पुलिस अधिकारी ने जांच करते हुए कहा की रणदीप के रिमांड से बहुत सी जानकारी मिली। रणदीप ने खुलासा किया की उनके निशाने पर 6 हस्तियां थी. उसके पकड़े जाने का इतना दुःख नहीं जितना मिशन अधुरा रह गया उसका दुःख है । पुलिस ने रमनदीप सिंह और तिलजीत सिंह उर्फ जिम्मी को सब डिवीजनल बाघापुराना के जूडिशियल मजिस्ट्रेट पुष्पिंदर सिंह की अदालत में पेश किया। पुलिस ने दोनों का रिमांड मांगते हुए कहा कि रमनदीप से उनके हथियार खरीदने में मदद करने वालों या उपलब्ध कराने वालों का पता लगाना है। इस पर कोर्ट ने जिम्मी को 27 और रमनदीप को 15 नवंबर तक पुलिस रिमांड पर भेजा गया।
कोर्ट ने 16 नवंबर तक पुलिस रिमांड बढ़ा दिया गया है। इसके अलावा इस गिरोह का शार्प शूटर हरदीप सिंह उर्फ शेरा पहलवान पहले ही 17 नवंबर तक रिमांड पर है। जगतार सिंह जौहल उर्फ जग्गी 14 और हरमिंदर सिंह मिंटू 15 नवंबर तक पुलिस रिमांड पर है। पंजाब में हिन्दुओ नेताओ की हत्या और संघ पदाधिकारी ब्रिगेडियर जगदीश गगनेजा की हत्या के मामले में सूबे की काउंटर इंटेलिजेंस टीम ने सबसे पहले जगदीश जौहल को गिरफ्तार किया था।
उसने खुलासा किया कि इस हत्याकांड की साजिश नाभा जेल में बंद खालिस्तान लिबरेशन फोर्स के चीफ हरमिंदर सिंह मिंटू ने रची थी। पुलिस को जांच और अपराधी से खुलासा हुआ की सभी हत्याकांड के पीछे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई और यूरोप में बैठे खालिस्तान समर्थकों का हाथ है। सात नवंबर को पुलिस ने रमनदीप सिंह, तिलजीत सिंह उर्फ जिम्मी और गैंगस्टर धरमिंदर उर्फ गुगनी को गिरफ्तार करने का दावा किया। इन सब हत्याओं में पुलिस ने पांचवी गिरफ्तारी हरदीप सिंह उर्फ शेरा पहलवान की हुई जो केएलएफ का शार्प शूटर था। इन सबकी गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने फिर खुलासा किया कि केएलएफ का मकसद पंजाब में अशांति फैलना था। इसके लिए वे हिंदू नेताओं को चुन-चुनकर निशाना बना रहे थे।





