जिले की कई वारदाते खुलने की सम्भावना
11 दिसम्बर 2017
चित्तौड़गढ़। निकटवर्ती रिठोला के समीप गत दिनों एक कंटेनर को लूटे जाने के मामले में पुलिस ने अंर्तराज्यीय गिरोह से जुडे एक अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया, जबकि अन्य अभियुक्तों की तलाश की जा रही है। जानकारी के अनुसार, पुलिस अधीक्षक प्रसन्न कुमार खमेसरा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजन दुष्यन्त एवं पुलिस उप अधीक्षक गजेन्द्र सिह जोधा के प्रशिक्षु आईपीएस सुधीर चैधरी के निर्देशन में शिव लाल मीणा थानाधिकारी थाना सदर व पुलिस निरीक्षक संजय शर्मा थानाधिकारी थाना मंगलवाड के नेतृत्व में देवीलाल सउनि, पर्वत सिंह सउनि, पुष्पराज सिंह कानि व रामावतार कानि व पप्पुलाल की टीम का गत दिनों गठन किया।
उक्त टीम में मंगलवार को थानाधिकारी सजंय शर्मा व कानि रामावतार का मोबाईल बीटीएस से एनालिसस करने मे महत्वपूर्ण योगदान रहा। टीम द्वारा गत 23 नवम्बर से लगातार सदर चित्तौड़गढ़ व पारसोली थाना एवं जिले में अन्य स्थानों पर गत एक वर्ष से हाईवे लुट व ट्रक कंटिंग की वारदात की जानकारी लेने के बाद अज्ञात मुल्जिमान की तलाश में मोबाईल नेटवर्क व अन्य तरीके का उपयोग कर गुना, ग्वालियर, इंदौर, उज्जैन, देवास आदि क्षैत्रों में डेरा डाल कर गुप्त तरीके व जरिये मुखबिर से गत 27 अक्टुबर की रात्रि को निकटवर्ती रिठोला टोल से पहले एक कंटेनर के पीछे से अज्ञात अभियुक्तों द्वारा कंटेनर पर चढ करके कंटेनर की सील काट कर अन्दर घुस कर कम्बलों की गांठो को लूटने के मामले में एक अभियुक्त का पता लगा कर उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्त कृष्णकान्त गोदेन कन्जर निवासी भैरवा खेडी, थाना टोकखुर्द जिला देवास(म.प्र.) से घटना में प्रयुक्त ट्रक महाराष्ट्र पासिंग को भी जब्त कर लिया गया। अभियुक्त से हुई पूछताछ के बाद ज्ञात हुआ कि यह अभियुक्त हाईवे पर इस तरह चलती ट्रको को लूटने में शामिल कंजर गैंग अन्र्तराज्यीय से जुडा हुआ है। इस गिरोह द्वारा अब तक कई राज्यों में ट्रक लुट व ट्रक कटिंग की घटना को अंजाम दिया जा चुका है। उक्त गैंग हाई प्रोफाईल तरीके से वारदात करते हैं, जिसमें अपने निजी मोबाईल व सीमे घर पर ही चालू रखते हैं, तथा फर्जी सिम व नया मोबाईल वारदात के समय आपस में उपयोग में करते है, ताकि तकनीकी रूप से उनके खिलाफ इस तरह का कोई भी सबूत नहीं रहे ।
सदर थानाधिकारी के अनुसार, इस गिरोह से जुडे अभियुक्त जब भी वारदात करने जाते है, उस समय अच्छे कपडें, नकली जेवर चैन आदि व लग्जरी गाडियां ले जाते है, एवं अमूनन अपने साथ प्रसाद साथ में रखते है, ताकि रास्ते में किसी के भी द्वारा पूछताछ किए जाने पर उसको मंदिर के दर्शन करने का हवाला देते है, ताकि इन पर किसी तरह की कोई शंका नहीं हो सके। इस गैंग का अधिकतर वारदात में निशाना पान मसाला, सिगरेट, व कपडे का ट्रक, कंटेनर होते है, जिनसे ज्यादा मुनाफा मिलता है। गिरोह द्वारा लुटा हुआ माल आधी कीमत में बडे शहरों में बेच दिया जाता है। गिरोह द्वारा अब तक इस तरह की कई वारदात में लाखों रूपए का माल लूटने के बाद उसे बेचा जा चुका है। गिरफ्तार अभियुक्त ने अब तक की पूछताछ में बताया कि गैंग ने पिछले एक वर्ष में चित्तौड़गढ़ जिले में अलग-अलग जगह पर हाईवे पर कई वारदातों को अंजाम दिया है, जिनमें से बस्सी टोल से आगे गत 28 अप्रेल को हुई वारदात भी इस गैंग द्वारा की गई थी, जबकि पारसोली थाना क्षेत्र में पान मसाला से भरे एक कंटेनर को लूट लिया गया था। इसी तरह गैंग द्वारा साडी की गांठे, कुकर के कार्टुन भी चलती गाडी में पीछेे से ट्रक कटिंग करके लूटे जा चुके हैं। अभियुक्त ने बताया कि कुछ दिन पूर्व उसके गांव की एक ओर गैंग ने निम्बाहेडा के पास हाईवे पर पान मसाला की ट्रक लुटी थी, जो रास्ते में नाकाबंदी होने से छोडकर भाग गए थे। यह गैंग हाई प्रोफाईल होने के साथ ही इन अभियुक्तों के अपने गांव में कई आलीशान मकान बने हुए हैं, जिनके द्वारा स्कार्पियों, टवेरा, स्विफ्ट जैसी लग्जरी गाडियां का उपयोग किया जाता है। वारदात के समय यह अपने पास हथियार भी साथ रखते है।
थानाधिकारी ने बताया कि इस गिरोह में अभियुक्त का भाई एवं अन्य रिश्तेदार होने के साथ ही भैरवा खेडी में निवास करने वाले अभियुक्त हैं, लेकिन यह सभी फरार बताए जाते हैं, जिनकी तलाश की जा रही है। उन्होंने बताया कि हाईवे पर जब कभी कोई कंटेनर किसी ढाबे पर खडा होता है, तो उस समय गिरोह के सदस्य कंटेनर का ताला तोड़ देते हैं, एवं कंटेनर के रवाना होते ही गिरोह के एक-दो सदस्य कंटेनर के अंदर प्रवेश कर जाते हैं, जिसके पीछे अन्य सदस्य स्कार्पियो में साथ-साथ चलते हैं, एवं अपने साथ लूट का सामान ले जाने के लिए ट्रक भी स्कार्पियो के पीछे रखते हैं। मौका पाते ही सुनसान स्थान पर कंटेनर में मौजूद अभियुक्त अंदर से सामान फेंकना शुरू कर देते हैं, जिसे पीछे आने वाले अभियुक्त बटोरते रहते हैं। इसी तरह हाईवे पर किसी ट्रक की गति कम होते ही एक दो सदस्य ट्रक पर पीछे से चढ़ जाते हैं, एवं सुनसान स्थान पर ट्रक की रस्सी आदि काट कर सड़क किनारे सामान फेंकना शुरू कर देते हैं।





