32 वर्षो से प्रतिभाएं निखार रहा जिला ओलम्पिक संघ
-'अंतरराष्ट्रीय ओलम्पिक दिवसÓ पर विशेष
-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई खेल प्रतिभाओं ने
-जितेंद्र जैकी-
झालावाड़. जिले में गत 32 वर्षो से कार्यरत जिला ओलम्पिक संघ आज भी जिले की खेल प्रतिभाओं को निखार कर उन्हे राष्ट्रीय व अंतर राष्ट्रीय स्तर पर जिले की पहचान स्थापित करने के लिए प्रयासरत है। इस दौरान संघ की ओर से संचालित विभिन्न खेल संघों के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर करीब दो दर्जन, राष्टीय स्तर पर करीब १५० व राज्य स्तर पर हजारों खेल प्रतिभाओं ने अपना हुनर दिखाया है।
-इन खेलों में लहराया परचम
जिला ओलम्पिक संघ के अध्यक्ष दिनेश सक्सेना ने बताया कि अंतर राष्ट्रीय स्तर पर 1985 से करीब दो दर्जन खिलाडिय़ों ने जिले का नाम रोशन किया। इसमें थ्रो बॉल में व पॉवर लिफ्टिंग प्रतियेागिता में गोल्ड मेडल भी खिलाडिय़ों ने प्राप्त किए। इसमें सोफ्टबॉल व बेस बाल प्रतियोगिता में भी खिलाडिय़ों ने भाग लिया। राष्ट्रीय स्तर पर सॉफ्टबॉल, बेसबॉल, हेण्डबॉल, पॉवर वेट लिफ्टिंग, कबड्डी व थ्रो बॉल में खिलाडिय़ों ने भाग लिया। इसी प्रकार राज्य स्तर पर एथलेटिक्स, बास्केट बॉल, हेण्डबॉल, हॉकी, कबड्डी, खो-खो, सॉफ्टबॉल, महिला फुटबॉल, बाल बेडमिंटन, कुश्ती, बेसबॉल, शतरंज व बाडी बिल्डिग़ प्रतियोगिता में करीब १५० खिलाडिय़ों ने कई मेडल व पुरस्कार जीते है।
-ओलम्पिक का यह है इतिहास
आज अंतर राष्ट्रीय ओलम्पिक दिवस पर जिला संघ की ओर से प्रस्तुत जानकारी।
दुनिया के सबसे बड़े खेल आयोजन ओलम्पिक का इतिहास बहुत पुराना है। वर्तमान परिवेश में खेलों का महाकुम्भ कहलाने वाले ओलम्पिक खेलों की शुरुआत यूनान के एलिस प्रदेश की छोटी सी नगरी ओलम्पिया से हुई। वर्ष 776 ईस्वी में ओलम्पिया मैदान में एक दौड़ का आयोजन किया गया था। एलिस प्रदेश का कारेाबस इस दौड़ में विजयी रहा। यहीं से ओलम्पिक खेलों का आरम्भ हुआ। यहंां ंके खेल पवित्र धार्मिक उत्सव के रुप में मनाए जाते थे। मैदान में अग्रि प्रजवल्लित की जाती थी। खेलों के लिए यहां एक भव्य स्टेडियम बना हुआ था। कालान्तर में प्राचीन ओलम्पिया का वैभव नष्ठ हो गया। बाद में 1896 में फ्रांस के बैरन डी कूबरटीन ने प्रयास कर ऐथेंस में ओलम्पिक खेल शुरु करवाए। तब से हर चौथे वर्ष ओलम्पिक खेलों का आयोजन किया जाता है। भारत की पहली टीम 1920 में एटवर्प ओलम्पिक में शामिल हुई।
-झालावाड़ में 32 वर्ष पहले हुआ था गठन
झालावाड़ में जिला ओलम्पिक संघ का गठन 32 साल पहले 1983 में राजस्थान राज्य ओलम्पिक संघ के अध्यक्ष जनार्दन सिंह गहलेात की उपस्थिति में किया गया था। झालावाड़ के वरिष्ठ अधिवक्ता श्याम श्याम मनोहर गुप्ता को प्रथम अध्यक्ष चुना गया। उन्होने आठ वर्षो तक इस पद पर रहकर कार्य किया। इसके बाद 1991 में हुए चुनाव में दिनेश सक्सेना को अध्यक्ष पद पर चुना गया। तब से वह करीब 27 वर्षो से इस पद पर कार्य कर रहे है। उन्होने बताया कि जिला ओलम्पिक संघ का मुख्य कार्य जिले में खेलों की गतिविधियां सुचारु रुप से चलाना तथा विभिन्न जिला खेल संघों को सहयोग कर अच्छे खिलाड़ी तैयार कर जिले में खेलों का वातावरण बनाना होता है। विश्व के सभी देशो में 23 जून को अंतरराष्ट्रीय अेालम्पिक दिवस का आयोजन कर गतिविधियां कराई जाती है। झालावाड़ में भी प्रतिवर्ष ओलम्पिक दिवस मनाया जाता है।





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