अजमेर
राजस्थान लोक सेवा आयोग में अध्यक्ष पद रिक्त होने से नई भर्तियों पर असर पड़ सकता है। सरकार ने स्थाई या कार्यवाहक अध्यक्ष की नियुक्ति समय पर नहीं की तो आरएएस एवं अधीनस्थ सेवा सहित अन्य भर्तियां कराना आसान नहीं होगा।
आयोग के नियमानुसार अध्यक्ष अथवा सदस्य 62 साल की उम्र तक ही पद पर रह सकते हैं। इस लिहाज से पूर्व अध्यक्ष डॉ. राधेश्याम गर्ग का कार्यकाल 1 मई को पूरा हो गया। सरकार के स्थाई अथवा कार्यवाहक अध्यक्ष की नियुक्ति आदेश नहीं देने पर डॉ. गर्ग को पद त्याग (रिलेंक्विश) करना पड़ा।
यह मिली हैं आयोग को नई भर्तियां
आयोग को माध्यमिक शिक्षा विभाग में प्रधानाध्यापक (माध्यमिक विद्यालय) के 1200, सहायक सांख्यिकी अधिकारी-201 पद पर भर्ती करानी है। इसी तरह आरएएस एवं अधीनस्थ सेवाएं (संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा सीधी भर्ती)-2018 के तहत 75 आरएएस, 34 आरपीएस सहित कुल 405 पदों पर भर्ती होगी। अधीनस्थ सेवा के लिए 575 पदों पर भर्ती की जाएगी। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी में सहायक अभियंता सिविल के 225, सहायक अभियंता (यांत्रिकी/विद्युत) के 74 पद, पंचायती राज विभाग में सहायक अभियंता के 4, सार्वजनिक निर्माण विभाग में सहायक अभियंता (सिविल) के 307 पद, जल संसाधन विभाग में सहायक अभियंता सिलिव के 302 और सहायक अभियंता यांत्रिकी के 3 पद, संस्कृत शिक्षा विभाग में प्राध्यापक (विद्यालय), चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में फिजियोथेरेपिस्ट, माध्यमिक शिक्षा विभाग में वरिष्ठ अध्यापक विशेष शिक्षा पद पर आवेदन मांगे हैं। व्याख्याता सारंगी, माध्यमिक शिक्षा विभाग में प्रधानाध्यापक, महिला अधिकारिता विभाग में संरक्षण अधिकारी सहित नगर नियोजन विभाग में सहायक नगर नियोजक, प्राविधिक शिक्षा विभाग में उपाचार्य/अधीक्षक/औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के पद, राजस्थान तकनीकी प्रशिक्षण अधीनस्थ सेवा नियम-1975 के तहत समूह अनुदेशक/सर्वेयर/सगायक शिक्षुता सलाहकार ग्रुप-द्वितीय और राजस्थान राज्य एवं अधीनस्थ सेवाएं (संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा सीधी भर्ती सेवा)-2018, वन विभाग में सहायक वन संरक्षक और वन रेंज ऑफिसर ग्रेड-प्रथम और कृषि विभाग में सहायक सांख्यिकी अधिकारी पद के लिए भर्ती निकाली गई है। (सरकार से मिली 18 हजार पदों की भर्ती)
भर्तियों और अहम फैसले पर असर
अध्यक्ष की गैर मौजूदगी से सरकार से मिली नई भर्तियां और अहम फैसले लेने में आयोग को दिक्कतें हो सकती हैं। हालांकि बीते साल तत्कालीन अध्यक्ष श्याम सुंदर शर्मा के कार्यकाल समाप्त होने पर भी ऐसे हालात बने थे। ऐसे में आयोग को प्रदत्त शक्तियों के तहत फुल कमीशन ने वरिष्ठ सदस्य डॉ. आर. डी. सैनी को साक्षात्कार बोर्ड और आवश्यक कार्य करने के लिए अधिकृत किया। डॉ. सैनी ने आरएएस 2016 का साक्षात्कार परिणाम जारी किया था। अब डॉ. गर्ग का कार्यकाल खत्म होने के बाद भी फुल कमीशन ने डॉ. सैनी को ही अधिकृत किया है।
पिछले साल ढाई महीने रिक्त था पद
आयोग में बीते साल 10 जुलाई को डॉ. ललित. के. पंवार के बाद सरकार ने आयोग के सदस्य श्याम सुंदर शर्मा को अध्यक्ष नियुक्त किया। शर्मा का कार्यकाल 28 सितम्बर 2017 को खत्म हो गया था। इसके बाद पिछले साल ढाई महीने तक अध्यक्ष पद रिक्त रहा था। इस दौरान आयोग को कोई नई भर्ती नहीं मिली।
यूं किया था फैसला
नियमानुसार आयोग के स्थाई अध्यक्ष का कार्यकाल खत्म होने पर वरिष्ठ सदस्य को पदभार देने की परम्परा रही है। इसके बावजूद सरकार ने ऐसा नहीं किया। ऐसे में आयोग को प्रदत्त शक्तियों के तहत फुल कमीशन ने वरिष्ठ सदस्य डॉ. आर. डी. सैनी को साक्षात्कार बोर्ड और आवश्यक कार्य करने के लिए अधिकृत किया। डॉ. सैनी ने आरएएस 2016 का साक्षात्कार परिणाम जारी किया था। अब डॉ. गर्ग का कार्यकाल खत्म होने के बाद भी फुल कमीशन ने डॉ. सैनी को ही कामज के लिए अधिकृत किया है।





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