आबूरोड. केंद्रीय मानव अधिकार आयोग के सदस्यों समेत उपखंड स्तरीय अधिकारियों ने गुरुवार को शहर के केसरगंज स्थित उपकारागृह का निरीक्षण किया। आयोग के सदस्यों ने जेल में उपस्थित कैदियों ने जेल प्रशासन व कारागृह में मिलने वाली सुविधाओं के बारे में जानकारी ली।
जानकार सूत्रों के अनुसार उपकारागृह के कैदियों द्वारा जेल प्रशासन के खिलाफ कई बार शिकायत करने पर केंद्रीय मानव अधिकार आयोग के सदस्य विनोद अग्रवाल समेत अधिकारियों ने निरीक्षण कर करीब 1 घंटे कैदियों की समस्याओं को सुना। अग्रवाल ने कैदियों से जेल में रहने, खाने व पीने, मेडिकल सुविधा सहित अन्य सुविधाओं के बारे में पूछताछ की। जेल के कैदियों ने जेल प्रशासन पर कई आरोप लगाते हुए कैदियों पर ध्यान नहीं देने की बात कही। इस निरीक्षण के दौरान सदस्यों को कई आरोप-प्रत्यारोप सुनने को मिले।
कैदियों ने मानव अधिकार आयोग के सदस्यों को बताया कि जेल में जब परिवार एवं कोई रिश्तेदार उनसे मिलने के लिए आता है, तो यहां के अधिकारी व प्रहरी उनसे 500 रुपए की मांग करते हैं जो परिजन कैदियों से मुलाकात के पैसे नहीं देते हैं, उन लोगों को उनसे मुलाकात नहीं करने देने का आरोप लगाया। जिस पर सदस्यों ने उपस्थित कार्यवाहक जेलर प्रेमङ्क्षसह शेखावत ने इस मामले में पूछताछ की गई। जिस पर उन्होंने व कर्मचारियों ने साफ इनकार कर दिया।
मेडिकल सुविधा भी नहीं मिलती
कैदियों ने सदस्यों को बताया कि जेल प्रशासन कई कई दिनों तक बीमार कैदियों को किसी भी तरह की कोई भी मेडिकल सुविधा उपलब्ध नहीं करवाते हैं। जब कैदी अधिक बीमार हो जाते हैं। तब अधिकारी डॉक्टरों को बुलाकर मेडिकल सुविधा मुहैया करवाते हैं।
खाने में गुणवत्ता नहीं
कैदियों ने बताया कि हमें खाना बनाकर खाने के लिए खाद्य सामग्री उपलब्ध करवाई जाती है, लेकिन उस खाद्य सामग्री में किसी भी प्रकार की कोई गुणवत्ता नहीं है। जो कैदी एक बार खाना खाता है व दूसरे समय का खाना नहीं खा पाता है। जिसको लेकर सदस्यों ने कार्यवाहक जेलर से जानकारी मांगी।
ये रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान समाज कल्याण व न्याय अधिकरिता के राजेंद्र पुरोहित, उपखंड अधिकारी निशांत जैन, महिला एवं बाल विकास विभाग उप निदेशक कमला परमार, तहसीलदार मनसुखराम डामोर, विकास अधिकारी लक्ष्मणसिंह सांदू, ब्लॉक समन्वयक वीरेंद्र त्रिवेदी समेत कई अधिकारी उपस्थित थे।(निसं)





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