जैसलमेर. रामदेवरा क्षेत्र के लखसिंह की ढाणी के पास मंगलवार की रात्रि में हाइटेंशन विद्युत तार की चपेट में आने से राज्यपक्षी गोडावण की मौत हो गई। गौरतलब है कि गांव के पास वन्यजीवों के संरक्षण के लिए क्षेत्र आरक्षित किया गया है। यहां बड़ी संख्या में गोडावण, हरिण सहित अन्य वन्यजीव है। मंगलवार की रात एक गोडावण वन्यजीवक्षेत्र से उड़ रहा था। इसी दौरान लखसिंह की ढाणी के पास हाईटेंशन विद्युत तारों की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई। बुधवार को सुबह सूचना मिलने पर क्षेत्रीय वन अधिकारी वन्यजीव पूरणसिंह राठौड़, सहायक वनपाल हरिसिंह, गुमानसिंह, देवीसिंह मौके पर पहुंचे तथा गोडावण के शव को अपने में कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाया।
विद्युत टॉवर पर चढ़े युवक
हाईटेंशन विद्युत तार की चपेट में आने से गोडावण की मौत की सूचना मिलने पर धोलिया निवासी राधेश्याम पेमाणी, विकास विश्रोई, अनिल विश्रोई यहां पहुंचे। उन्होंने वन विभाग की लापरवाही के चलते आए दिन वन्यजीवों की हो रही मौत पर रोष जताया तथा उनकी सुरक्षा की मांग की। उन्होंने बताया कि गोडावण की विद्युत तारों से टकरा जाने के बाद हुई मौत की जानकारी मिलने के बावजूद चार घंटे तक वन विभाग व प्रशासनिक अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। जिस पर युवक रोष जताते हुए विद्युत टॉवर पर चढ़ गए। उन्होंने वन्यजीवों की सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध करने, हाईटेंशन विद्युत तारों पर बर्ड रिफ्लेक्टर लगवाने की मांग की।
एक घंटे बाद मामला हुआ शांत
युवकों के विद्युत टॉवर पर चढ जाने की सूचना मिलने पर मुख्य आरक्षक धन्नाराम विश्रोई मय जाब्ता मौके पर पहुंचे। उन्होंने युवकों से समझाइश की। उन्होंने उनकी मांग को संबंधित विभाग के अधिकारियों तक पहुंचाने व मांग पर कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया। जिस पर करीब एक घंटे बाद युवक नीचे उतरे। पुलिस ने तीनों युवकों को अशांति नहीं फैलाने व आगामी छह माह तक ऐसी हरकत नहीं करने के लिए पाबंद कर रिहा किया।





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