Breaking News
recent

Convocation: भारत की प्राचीन परम्परा दिखेगी आपको यहां, गूंजेंगे मंत्र और मिलेगी दीक्षा

अजमेर

महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय का नवां दीक्षान्त समारेाह 1 अगस्त को होगा। इसमें शोधार्थियों की डिग्रियां और टॉपर्स विद्यार्थियों को पदक बांटे जाएंगे।कुलपति प्रो. विजय श्रीमाली के अनुसार दीक्षान्त समारोह 1 अगस्त को होगा। इसमें कुलाधिपति एवं राज्यपाल कल्याण सिंह, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री किरण माहेश्वरी सहित अन्य अतिथि शामिल होंगे।

दीक्षान्त समारोह में शोधार्थियों को डिग्री और श्रेष्ठ विद्यार्थियों को पदक बांटे जाएंगे। दिखेगी भारतीय परम्परा की झलकदीक्षान्त समारोह में भारतीय परम्परा की झलक नजर आएगी। छात्रों को परम्परानुसार सफेद कुर्ता-पायजामा और छात्राओं को लाल किनारे वाली सफेद साड़ी पहननी जरूरी होगी। समारोह के लिए विश्वविद्यालय के एकेडेमिक पार्क में विशेष पांडाल बनाया जाएगा। बरसात को देखते हुए विशेष इंतजाम किए जाएंगे।

स्थापना दिवस समारोह भी
1 अगस्त को विश्वविद्यालय का स्थापना दिवस समारोह भी होगा। विश्वविद्यालय में वैदिक मंत्रोच्चार से हवन और पौधरोपण कार्यक्रम होगा। इसमें विद्यार्थी, शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारी शामिल होंगे। विश्वविद्यालय में पौधरोपण कार्यक्रम होगा। फलदार और अन्य पौधे लगाए जाएंगे। समारोह की तैयारियां शुरूविश्वविद्यालय ने समारेाह की तैयारियां शुरू कर दी हैं। जल्द आमंत्रण पत्र छपवाकर राजभवन, मुख्यमंत्री कार्यालय, सचिवालय और अन्य विभागों में भेजे जाएंगे। टॉपर्स की अस्थाई सूची वेबसाइट पर अपलोड हो चुकी है। जल्द स्थाई सूची जारी होगी।

अब तक हुए दीक्षान्त समारोह और अतिथि

1997-98-पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी

1998-99-नानाजी देशमुख

2001-02-जस्टिस लक्ष्मणनन

2004-पूर्व राष्ट्रपति प्रतिभा पाटील (तब राज्यपाल) एवं मुरली मनोहर जोशी

2009-पूर्व विदेश मंत्री कर्ण सिंह एवं राज्पयाल एस. के. सिंह

2015-राज्यपाल कल्याण सिंह

2016-राज्यपाल कल्याण सिंह

2017-राज्यपाल कल्याण सिंह


यह भी पढ़ें............
टेक्निकल डिग्री लेना पंसद

अब इंजीनियरिंग कॉलेज में विद्यार्थियों की पहली पसंद तकनीकी डिग्री लेना हो गई है। वोकेशनल, स्किल और कौशल आधारित पाठ्यक्रमों की शुरुआत के बाद पूरे देश में स्थिति तेजी से बदल रही है। युवा नौकरी के अलावा एन्टप्रन्योर (उद्यमिता) की तरफ कदम बढ़ाने लगे हैं। कई नौजवानों ने छोटे और बड़े स्टार्ट अप लगाने शुरू कर दिए हैं। इनमें ऑनलाइन कंसलटेंसी, कस्टमर केयर, रिटेल सर्विस, बैंकिंग और इंश्यारेंस सेक्टर से जुड़ी जॉब शामिल हैं।

एमबीए एडमिशन के ये हाल..

महिला इंजीनियरिंग कॉलेज में पिछले दो सत्र से एमबीए में दाखिलों का ग्राफ शून्य है। बॉयज कॉलेज में 10 से 15 प्रवेश होते हैं। राजस्थान के सभी इंजीनियरिंग कॉलेज में संचालित एमबीए कोर्स में प्रवेश लगातार सिमट रहे हैं। बीते पांच साल से पूरी सीटें नहीं भर पा रही हैं। अजमेर के सावित्री कन्या महाविद्यालय, श्रमजीवी सहित कई कॉलेज को एमबीए कोर्स बंद करना पड़ाहै। हालांकि महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय में एमबीए की सीट पर प्रवेश नहीं घटे हैं। इसी तरह निजी विश्वविद्यालय में भी सीट भर रही हैं।



Rajasthan Darpan IFTTT

Rajasthan Darpan IFTTT

No comments:

Post a Comment

Powered by Blogger.