चितलवाना. दी जालोर सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक के सहकारी समिति भवातड़ा में व्यवस्थापक की ओर से किसानों के ऋण की सूचना संबधी दस्तावेज कई महिनों से बैंक को नहीं मिलने से किसानों को मिलने वाला फायदा भी अटक गया हैं। ऐसे में भवातड़ा में सोमवार को लगने वाला ऋण माफी का शिविर भी रेकर्ड के अभाव में नहीं लग पाया। सहकारी समिति भवातड़ा के व्यवस्थापक की ओर से ऋण सदस्यों के बीमा राशि, अनुदान व ऋण माफी आने के बाद से लेकर न रेकर्ड में इन्द्राज किया गया न ही बैंक को सूचना जमा करवाई गई। ऐसे में किसानों को होने वाली ऋण माफी व क्लेम राशि से वंचित रहना ही पड़ रहा हैं। किसानों को ऋणमाफी व अनुदान में घोटाले को बैंक मैनेजर से शिकायत की गई हैं, लेकिन कोई कार्रवाई भी नहीं हुई हैं।
किसान पहुंचे बैंक
भवातड़ा सहकारी समिति के ग्राम पंचायत जोरादर व खेजडिय़ाली के गांवों के किसानों की ओर से सहकारी समिति के ऋण माफी शिविर में बीमा राशि, अनुदान भी किसानों के खातों में जमा करवाने बात कही। लेकिन सोमवार को लगवाने वाला ऋणमाफी शिविर भी नहीं लगने पर किसानों की ओर से बैंक में पहुंचकर धरना प्रदर्शन किया गया।
पहले भी कर चुका घोटाला
भवातड़ा सहकारी समिति के व्यवस्थापक की ओर से किसानों को बीमा राशि, प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि भी किसानों से हड़पने के मामले में भी किसानों ने शिकायत करने के बाद में शाखा प्रबंधक की मौजूदगी में किसानों को राशि दिलवाई गई थी। लेकिन व्यवस्थापक के खिलाफ सहकारिता विभाग की ओर से कोई कार्रवाही नहीं की गई।
रेकर्ड भी किया गायब
भवातड़ा सहकारी समिति के किसानों के ऋण देने के बाद से लेकर किसानों को खातोंकी न पास बुक दी गई न ही चैक बुक जारी की गई हैं। किसानों को पिछले कई सालों से रेकर्ड भी गायब किया गया हैं। ऐसे में शाखा प्रबंधक भी रेकर्ड के अभाव में किसानों को न ऋणमाफी का फायदा मिल रहा हैं, न ही किसानों को ऋण का भुगतान किया जा रहा हैं।
इनका कहना...
हमारे पिछले कई सालों से सोसायटी को कोई हिसाब नहीं हैं।
- जुमाखां, ऋणी सदस्य रिड़का
मैं बीमार होने से अस्पताल में भर्ती हूं। बाद में बात करता हूं।
- गणपतलाल विश्नोई, व्यवस्थापक भवातड़ा सोसायटी
भवातड़ा सोसायटी के रेकर्ड भी नहीं मिल रहा हैं।
- कनकराज, ऋण पर्यवेक्षक
हमारे को कई महिनों से न कोई सूचना दी हैं, न रेकर्ड देखा हैं। ऐसे में शिविर कहां लगवाए।
- नवीन सक्सेना, शाखा प्रबंधक जेसीसीबी चितलवाना





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