सीकर. शहर के एक बीएड कॉलेज में पैसे नहीं देने पर छात्रा को अनुपस्थित करने का मामला सामने आया है। बीएड द्वितीय वर्ष की छात्रा ने कलक्टर व कुलपति को इस संबंध में शिकायत दी है। शिकायत की जांच में सामने आया है कि प्रथम वर्ष में छात्रा को २५ हजार रुपए लेकर उपस्थित दिखाया गया था। दूसरे साल उसने पैसे नहीं दिए तो उसे प्रायोगिक परीक्षा में अनुपस्थित दिखा दिया और इसी वजह से छात्रा फेल हो गई।
जानकारी के मुताबिक कोटपुतली की रहने वाली छात्रा खामोश यादव सीकर से बीएड कर रही है। उसका आरोप है कि कॉलेज ने उसे प्रथम वर्ष की परीक्षा में अनुपस्थित दिखा दिया था। इसके बाद उससे २५ हजार रुपए लिए और उसे उपस्थित दिखा दिया। इस बार भी उससे २० हजार रुपए मांगे थे। जब उसने पैसे नहीं होने की बात कही तो उसे अनुपस्थित दिखा दिया। जिसकी वजह से वह फेल हो गई। इससे पहले उसे प्रथम वर्ष की अंकतालिका देने से मना कर दिया आवेदन की तारीख निकल गई। इसके बाद छात्रा ने कलक्टर व विवि कुलपति से गुहार लगाई। कलक्टर के आदेश पर विवि प्रशासन ने अपने खर्च पर बीएड में अंतिम वर्ष का आवेदन ऑनलाइन भरवाया। उसके बावजूद भी महाविद्यालय मनमानी करने से बाज नहीं आया। छात्रा को प्रायोगिक परीक्षा से वंचित कर दिया गया। विवि ने फिर से अपने स्तर पर नवलगढ़ स्थित पोद्दार महाविद्यालय से छात्रा की प्रायोगिक परीक्षा करवा दी। छात्रा के साथ जिन विद्यार्थियों ने महाविद्यालय में प्रवेश लिया, उनकी बीएड हो चुकी है। लेकिन छात्रा के आंतरिक मूल्यांकन के नंबर नहीं जाने की वजह से अंकतालिका में फे ल दर्शाया हुआ है। छात्रा का एक साल बर्बाद होने का जिम्मेदार कौन होगा?
माली हालत बनी मजबूरी
छात्रा के घर की आर्थिक स्थिती बेहद खराब है। उसके पिता मजदूरी करते हैं। किसी तरह उन्होंने बेटी के लिए बीएड की फीस का जुगाड़ तो कर दिया लेकिन अब कॉलेज को देने के लिए उनके पास पैसे नहीं है।
ट्रेप हो चुका है कॉलेज का मालिक
जिस कॉलेज पर छात्रा पैसे लेने का आरोप लगा रही है। उसका मालिक पहले भी छात्रों से घूस लेते हुए रंगे हाथों एसीबी में पकड़ा जा चुका है। उस वक्त भी एक छात्र ने ही पैसे लेने के आरोप में उसको गिरफ्तार करवाया था।
इनका कहना है
महाविद्यालय को तीन दिन का नोटिस जारी किया है। छात्रा का जल्द परिणाम घोषित कराया जाएगा। महाविद्यालय पर पैनल्टी लगाने की भी कार्रवाई की जाएगी।
अशोक महला, संबद्धता प्रभारी, पंडित दीनदयाल उपाध्याय शेखावाटी विवि, सीकर





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