सिरोही. जिलेभर में मोहर्रम शुक्रवार को अकीदत के साथ मनाया। सरजावाव गेट से दोपहर को ताजिए का जुलूस रवाना हुआ। मुस्लिम लोग नए परिधानों में पहुंचे। युवा ढोल-ताशों पर मातमी धुन बजाते चल रहे थे। हिन्दू तथा मुस्लिम समाज के लोगों ने ताजिए के नीचे से निकल कर खुशहाली की मन्नत मांगी। बोकराड़ा, गणेश मंदिर, रंगरेजों के मकानों के बाहर, नीलवणी चौक नुक्कड़, भूमि विकास बैंक के बाहर, राजमहल चौराहा, सुनारवाड़ा गली, बग्गीखाना तिराहा पर अखाड़ा प्रदर्शन हुए। झालरावाव पर युवाओं ने कई हैरतअंगेज करतब दिखाए। इसके बाद ताजिया पुन: सरजावाव गेट पहुंचा। वहां से कृष्णापुरी स्थित ईदगाह ले जाया गया। वहां ताजिया ठंडा किया गया।
पिलाया शरबत
जुलूस के दौरान पैलेस रोड सहित विभिन्न स्थानों पर हिन्दू एवं मुस्लिम समाज की ओर से शरबत और ठण्डे पानी की व्यवस्था की गई।
सिनेमा मार्ग पर मुस्लिम समाज की ओर से अतिथियों का स्वागत किया गया। यहां पर गोपालन राज्यमंत्री ओटाराम देवासी, भाजपा जिलाध्यक्ष लुम्बाराम चौधरी, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष गणपतसिंह राठौड़, भाजपा नगर मंडल अध्यक्ष महिपालसिंह चारण, तहसीलदार रणवीरसिंह, पुलिस उप अधीक्षक विक्रमसिंह तथा थानाधिकारी रामप्रतापसिंह का स्वागत किया।
आबूरोड. पैगम्बर हजरत मोहम्मद साहब के नवासे हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में शुक्रवार को मोहर्रम रस्मो-रिवाज के साथ मनाया गया। दोपहर को शहर के मुख्य मार्गों से ढोल-ताशों के साथ निकाले ताजिया जुलूस में शहर समेत आसपास के गांवों से अकीदतमंदों ने शिरकत की। इससे पूर्व कत्ल की रात पर निकाले ताजिए शुक्रवार अलसुबह मुकाम पर पहुंचे। जोहर की नमाज के बाद युवक कंधों पर ताजिया उठाए अपने मुकाम से रवाना होने लगे। जुलूस में शहर व आसपास के गांवों से आए अकीदतमंंदों ने ताजियों के नीचे से निकलकर मन्नतें मांगीं। अखाड़े खेलते व अलग-अलग तरह के करतब दिखाते हुए युवक उत्साह से सराबोर नजर आए। जुलूस में छोटी मस्जिद, घोसी मोहल्ला, लुनियापुरा, चांदमारी, जामा मस्जिद व धोबीगली के ताजिए समेत कई छोटे ताजिए भी निकाले गए। ताजिया लेकर लोग अखाड़ों के साथ मुख्य मार्गों से होते हुए बनास नदी के किनारे पहुंचकर कर्बला पर ताजियों को ठंडा किया गया।
करतब रहे आकर्षण का केंद्र
जुलूस में अखाड़े खेलते युवाओं ने हैरतअंगेज करतब दिखाकर सबका ध्यान आकर्षित किया। करतब देखने के लिए शहर समेत आसपास के ग्रामीण इलाकों से लोग पहुंचे। घोसी मोहल्ला व चांदमारी अखाड़ा के उस्तादों की अगुवाई में पारसीचाल, अम्बाजी चौराहा, रेलवे स्टेशन, सदर बाजार समेत मुख्य मार्गों पर अखाड़ा खेला। युवाओं ने भाला चलाना, कुश्ती, बाना, बनेशी, तलवारबाजी, पट्टा जैसे हैरतअंगेज करतब दिखाए।
मुख्य चौराहे पर स्वागत
ताजिया जुलूस के मुख्य चौराहे पर पहुंचने पर शहर के विभिन्न समाज के लोगों व संगठनों के पदाधिकारियों ने ताजिया कमेटी व पदाधिकारियों का साफा पहनाकर और शॉल ओढ़ाकर स्वागत किया। सामाजिक व व्यापारिक संगठनों की ओर से शरबत, चाय-कॉफी, पानी आदि की व्यवस्था की गई। शहर थानाधिकारी हंसाराम सिरवी के नेतृत्व में यातायात व शांति व्यवस्था के लिए पुलिसकर्मी तैनात रहे। वहीं अम्बेडकर सेवा समिति व भीम आर्मी के पदाधिकारियों ने जुलूस का स्वागत किया। पदाधिकारियों ने मुस्मिल महासभा के नौसाद भाई, शाहिद भाई, दिलावर खान आदि का दुपट्टा पहनाकर स्वागत किया। समिति के राजेंद्र परमार, गणपत मेघवाल, माधव मारू, नवीन सांखला, नारायणलाल, रमेश बैरवा, भीम आर्मी के भूपेंद्र परमार, सचिव धारूराम बोस, प्रेम मिरल, गजेंद्र परिहार, मनीष गहलोत उपस्थित थे।
पिण्डवाड़ा. नगर में ताजिए का जुलूस सुथारवास, पुरानी तहसील रोड, रावल गली, हैडगेवार चौक, उदयपुर रोड, हरिजन वास, राजपूत वास होते हुए इमाम बाड़े तक आया। युवकों ने करतब दिखाए। जुलूस को लेकर शहर में पुलिस व आरएसी का जाप्ता तैनात रहा। इसके बाद करबला में ताजिए को ठंडा किया गया।
माउंट आबू. पर्यटन स्थल माउंट आबू में शुक्रवार को मातमी पर्व मोहर्रम के तहत ताजिए के जुलूस निकाले गए। मुस्लिम नौजवानों ने हैरतअंगेज करतब दिखाए। वक्फ कमेटी कार्यवाहक सदर नजीर अहमद, नायब सदर युसुफखान, सचिव सद्दीक अब्बासी, हाजी साबिर मोहम्मद, गुलाम शब्बीर कुरैशी, हाजी सरफूद्दीन, हाजी मोहम्मद साबिर चिश्ती आदि की देखरेख में इमामबाड़े से जुलूस स्थानीय जामा मस्जिद, सदर बाजार होते हुए चिश्ती मंजिल मुकाम पर पहुंचा। इसके बाद जुलूस नक्की बाजार होते हुुए झील स्थित करवला घाट पहुंचकर ताजिया को ठंडा किया गया।
मंडार. मुस्लिम समाज की ओर से शुक्रवार दोपहर बाद सदर सुल्तान खां मेवाती के नेतृत्व में ताजिया निकाला गया। इसके पूर्व गुरुवार मध्य रात्रि इमामबाड़े से मातमी धुन के साथ ताजिया निकाला। ताजिया कस्बे के प्रमुख मार्गों से होकर बड़ला चौक पहुंचा था। युवाओं ने रात्रि में भी अखाड़ा प्रदर्शन किया। वहीं शुक्रवार दोपहर नमाज के बाद चौक मातमी धुन से गूंज उठा। ढोल व ताशों से मातमी धुन पर युवाओं ने हैरतअंगेज प्रदर्शन किया। शाम को ताजिया दरजीवास होते हुए बोहरावास स्थित दरगाह पर पहुंचा। जहां मातम व आखाड़ा खेला गया। बाद में वहां से हनुमान चौक, मुख्य बाजार, गायत्री चौक पहुंचा। जहां ताजिये को ठण्डा किया गया। इस मौके तहसीलदार सुरेन्द्र पाटीदार, थाना प्रभारी हमीरसिंह भाटी, हाजी नूर मोहम्मद सिन्धी, हाजी कासम खां भाटी आदि मौजूद थे।
रोहिड़ा. स्थानीय मस्जिद से शुक्रवार को ताजिए का मातमी जुलूस रवाना हुआ। सदर सलीम खान ने बताया कि हजरत इमाम हुसैन की शहादत पर मोहर्रम के तहत मातमी जुलूस मस्जिद से या हुसैन के नारे लगाते हुए रवाना हुआ। जो लोकवाड़ा, पुराना थाना, मैन बाजार होते हुए बस स्टैण्ड पहुंचा। जहां पर करतब करने के बाद करबला पहुंचकर ताजिए को ठंडा किया गया। इस मौके थाना प्रभारी भगवतसिंह, नायब तहसीलदार गलाबाराम मीणा, आरआई रतनसिंह, पटवारी संदीपसिंह मौजूद थे।
रेवदर. समीपवर्ती बासन गांव में ताजिया निकाला गया। इस मौके बसीर खान, मजर हुसैन, शाकिर अली, मसरू खान मुसला, अशकर खान, सिकन्दर खान मौजूद थे।





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