जीतेश रावल. जालोर
करीब डेढ़ वर्ष पहले राजकोष को साढ़े चार लाख रुपए का नुकसान पहुंचाने के मामले में वसूली प्रक्रिया आज तक पूरी नहीं हुई।हां, हर बार सात-सात या तीन-तीन दिन की मियाद देते हुए नोटिस जरूर जारी किए गए। विभागीय स्तर पर जांच कमेटी गठित कर वसूली के नोटिस जारी किए जा रहे हैं, लेकिन न तो सम्बंधितों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया जा रहा है और न वसूली हो रही है।मामला आहोर पंचायत समिति की नोसरा ग्राम पंचायत का है।
नोसरा पंचायत ने वर्ष-२०१६ में झाड़ी कटिंग व समतलीकरण के पांच कार्य स्वीकृत किए थे। जिनमें से चार कार्य एक-एक लाख के व एक कार्य पचास हजार रुपए का था। आरोप है कि पंचायत ने नियम विरुद्ध प्रक्रिया अपनाते हुए जालोर की मै.ओमप्रकाश सुलतानाराम को ठेका दे दिया।मामला प्रकाश में आने पर जिला परिषद ने जांच कमेटी गठित कर दी, जिसकी जांच रिपोर्ट में सामने आया कि पूरी प्रक्रिया नियम विरुद्ध है इसलिए इस कार्य में खर्च की गई साढ़े चार लाख रुपए राशि वसूली योग्य है। इसमें कनिष्ठ तकनीकी सहायक अरुणेश पाठक की मुख्य भूमिका तथा सरपंच पुष्पादेवी मीणा व ग्राम सेवक मंजू कंवरको भी शामिल माना। साथ ही इन तीनों से यह राशि वसूलना प्रस्तावित किया।
अनुमोदित फर्म को नहीं दिया भुगतान
पंचायत की ओर से कार्य करवाने के लिए मस्टररोल जारी करना था, ताकि श्रमिकों को रोजगार मिलता। एस्टीमेट में भी श्रमिक राशि नहीं दर्शाई गई। नियमों की अवहेलना करते हुए मस्टररोल जारी नहीं किया तथा पंचायत से वित्तीय स्वीकृति जारी करते हुए कार्य करवाया।साथ ही अनुमोदित फर्म को छोड़कर अन्य ठेकेदार को भुगतान कर दिया। मामले में विभिन्न स्तर पर गड़बडिय़ां की गई, लेकिन पहले स्तर पर इन पर ध्यान ही नहीं दिया गया।
तीन दिन को भी बीत गया सप्ताह
पंचायत की ओर से हाल ही में सरपंच को अंतिम नोटिस देना बताया गया है।गत २० अगस्त को जारी किए इस नोटिस में जिला कमेटी की जांच रिपोर्ट एवं नियमों को ताक में रखते हुए मनमर्जी से कार्य करवाने का उल्लेख किया गया है। साथ ही जांच रिपोर्ट के अनुसार साढ़े चार लाख रुपए सरपंच, ग्राम सेवक व कनिष्ठ तकनीकी सहायक से वसूल कर 3 दिन में राजकोष में जमा कराने के निर्देश दिए गए हैं।नोटिस को सप्ताहभर बीत गया, लेकिन नतीजा सिफर ही है।
एक जैसे कार्य अलग-अलग चरण में
ग्राम पंचायत ने अपने स्तर पर कुल चार कार्यों के लिए निविदा आमंत्रित की।इसमें उप स्वास्थ्य केंद्र व मुख्य नहर के बीच झाड़ी कटाई एवं समतलीकरण, अपूर्णकार्य को पूर्ण करने, मुख्य सड़क के दोनों तरफ झाड़ी कटिंग व रेती समतलीकरण कार्य शामिल है। अलग-अलग चरण में कार्य पूरा करवाना दर्शाते हुए कुल साढ़े चार लाख रुपए की लागत बताई गई।
अंतिम नोटिस दिया है...
& हाल ही में हमने सरपंच को अंतिम नोटिस जारी किया है। इसमें तीन दिन में वसूली राशि जमा कराने को निर्देशित किया है।ऐसा नहीं होने पर एक तरफा कार्रवाई करने की भी चेतावनी दी है।
-इन्द्रसिंह राजपुरोहित, विकास अधिकारी, आहोर





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