चित्तौडग़ढ़ जिले के कपासन स्थित सूफी संत हजरत दीवाना शाह का तीन दिवसीय उर्स गुरुवार को शहंशाहे मेवाड़ जिन्दाबाद, हिन्दुस्तान जिन्दाबाद के नारों और मुल्क में अमनों सुकून की दुआओं के साथ सम्पन्न हुआ।
दरगाह वक्फ कमेटी के सदर निसार अहमद छीपा ने बताया कि हजरत दीवाना शाह की दरगाह पर गुरुवार सुबह 8 .30 बजे शाही महफिल खाने में तिलावते कलामे पाक के बाद महफिले मिलाद का कार्यक्रम हुआ। कव्वाल पार्टियों ने कलाम सुनाकर खूब दाद बटोरी। आखिर में सभी कव्वालों ने आज रंग है री मां रंग है, मेरे महबूब के घर रंग है री, मोहे पीर पायो निजामुद्दीन औलिया सुनाया तो महफिल खाने में खूब ईनाम की बारिश हुई। आकिल अख्तर कादरी ने फातिहा पढ़ी। फातिहा के बाद कुल के छीटों के साथ ही 75वां उर्स सम्पन्न हो गया। शुक्रवार को मुख्य मज़ार के पट आम जायरीन के दर्शन के लिए फजर की अजान के समय खोले जाएंगे। प्रत्येक जायरीन के दर्शन के बाद पट सालभर के लिए बन्द कर दिए जाएंगे। शुक्रवार की नमाज के लिए विशेष इंतजाम किया गया है। गुरुवार सुबह छह क्विंटल चावल, छह क्विंटल शक्कर व छह क्विंटल सूखे मेवे से खीर बनाकर वितरित की गई।
इससे पूर्व 20 सदस्य जापानी दल व राजस्थान सरकार के मुख्य सचेतक कालू लाल गुजर, वक्फ बोर्ड ऑफ मुस्लिम जयपुर के सदस्य युसूफ खां, दरगाह गरीब नवाज के 15 खादिमों ने जियारत कर चादर पेश की। दरगाह वक्फ कमेटी के सेक्रेट्री मोहम्मद यासीन खा, अशरफी ने शिजरा पढकर हुजूर सरकारे दो आलम, हजरत गौसोए ख्वाजा, अहमद कबीर रफाई, बाबा हुजूर के पीर हजरत महबूब अली शाह, चिश्ती और मुर्शीद हजरत उल्फत अली शाह, रफाई के वसीले से दहशदगर्दी के खात्मे और नफरत फैलाने वाले को अल्लाह हिदायत दे, मेरा मुल्क देशों दुनिया मे चमकता-दमकता रहे। जिस तरह बाबा हुजूर की दरगाह में हिन्दू-मुस्लिम एकता का संगम देखने को मिलता है ऐसा ही वातावरण पूरे देश में देखने को मिले के साथ दरगाह परिसर आमीन-आमीन की सदाओं से गूंज उठा। फातिहा के बाद कुल के छीटों के साथ ही 75वां उर्स सम्पन्न हो गया। कुल के छींटे जिस-जिस के भी लगे वह अपने घर के लिए यह कहता हुआ रवाना हुआ कि इस गुलशने चिश्ती का ऐ अशरफी क्या कहना, ख्वाजा का नमूना है रोजा मेरे बाबा का। रंग पढऩे से पहले दरगाह वक्फ कमेटी के सेक्रेट्री मोहम्मद यासीन खां अशरफी ने रेलवे, प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन, नगरपालिका, चिकित्सा विभाग एवं जायरीने दीवाना का शुक्रिया अदा किया।





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