- चौहटन और शिव से दावेदार ही नहीं, तो भाजपा से कोई महिला नहीं लड़ेगी बाड़मेर से चुनाव
बाड़मेर. भाजपा ने जिले की पांच सीटों पर प्रत्याशी घोषित कर दिए है और अब केवल दो सीटों पर ही प्रत्याशियों के नाम की घोषणा शेष है। बाड़मेर विधानसभा से सशक्त महिला दावेदार यूआईटी की चेयरपर्सन प्रियंका चौधरी को टिकट नहीं मिला है। ऐसे में अब कयास लगाया जा रहा है कि बाड़मेर में किस महिला को टिकट भाजपा देगी?
चौहटन आरक्षित सीट है और यहां से भाजपा की कोई महिला दावेदार ही नहीं है। यही हाल शिव विधानसभा का है। यहां से भी अभी तक कोई महिला दावेदार नहीं है जो भाजपा से टिकट मांग रही हों,लिहाजा भाजपा से किसी महिला के चुनाव नहीं लडऩे की स्थिति बन रही है।
भाजपा ने कब-कब दी महिला को टिकट
2013 का चुनाव भाजपा की ओर से डा. प्रियंका चौधरी ने बाड़मेर विधानसभा से लड़ा, वे कांग्रेस के मेवाराम जैन से हार गई। 2008 में भाजपा की डा. मृदुरेखा चौधरी ने भाजपा से चुनाव लड़ा था और वे मेवाराम जैन के सामने हार गई थी।
टिकट कटवाने पर आमने- सामने
2008 के विधानसभा चुनावों में गंगाराम चौधरी भाजपा से दावेदार थे लेकिन उनका टिकट काटकर मृदुरेखा चौधरी को दिया गया। गंगाराम चौधरी ने महापंचायत भी बुलाई थी। 2013 के चुनावों में गंगाराम चौधरी की पोती डा. प्रियंका चौधरी को टिकट मिल गया और मृदुरेखा चौधरी को पार्टी ने टिकट नहीं दिया। इस पर मृदुरेखा चौधरी निर्दलीय खड़ी हो गई। मृदुरेखा को करीब 19 हजार वोट मिले,इससे कांग्रेस प्रत्याशी मेवाराम जैन को फायदा हुआ।





No comments:
Post a Comment