सीकर. मकर संक्रांति 2018 ( Makar Sakranti 2018 ) में अभी करीब डेढ़ महीने का समय बचा है। लेकिन, चाइनिंग मांझा अभी से लोगों के लिए जान का दुश्मन बन गया है। पीडि़तों का कहना है कि यदि प्रशासन ने इस पर अभी से शिकंजा कसना शुरू नहीं किया तो किसी की जान भी जा सकती है। घटना के तहत लक्ष्मणगढ़ के वार्ड संख्या एक व ब्रह्मानंद आश्रम के पास रहने वाला संदीप मंगलवार को घर से नेहरू स्टेडियम जाने के लिए बाइक लेकर निकला था।
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स्टेडियम के पास पहुंचते ही चलती बाइक पर संदीप के गले के पास चाइनिंग मांझा ( chinese kite manja ) आकर उलझ गया। बाइक चलने पर मांझा गले के अंदर तक बैठ गया। गले को बचाने का प्रयास किया तो एक अंगुली भी कट गई। जिसको गंभीर अवस्था में प्रत्यक्षदर्शियों ने नजदीकी निजी अस्पताल में पहुंचाया। चिकित्सक ने संदीप के कटे हुए गले पर सात टांके लगाए हैं। इसके अलावा कटी हुई अंगुली पर दो टांके आए हैं। संदीप के भाई गणेश ने बताया कि चाइनिंज मांझे के कारण वह बेड पर आ गया है। प्रशासन को मांझे की बिक्री पर अभी से रोक लगा देनी चाहिए।
मौके पर चेतता है विभाग
मकर संक्रांति के दिन और इससे पहले हर साल दर्जनभर से अधिक युवा व बच्चे चाइनिंग मांझे का शिकार होते हैं। लेकिन, प्रशासन संक्रांति के एन वक्त पर चाइनिंग मांझे की धरपकड़ के लिए भगता है। जबकि शौकिन लोग सक्रांति के महीने दो महीने पहले ही पंतगबाजी में जुट जाते हैं।





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