बीकानेर. स्वाइन फ्लू का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है। पीबीएम अस्पताल में स्वाइन फ्लू से शुक्रवार को १२वीं मौत हो गई। लूणकरनसर तरहसील के अमरपुरा निवासी ४५ वर्षीय एक व्यक्क्ति को सर्दी-खांसी जुकाम के चलते तबीयत बिगडऩे पर पीबीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया। वह तीन दिन स्वाइन फ्लू वार्ड में भर्ती रहा, बाद में उसे घर भेज दिया गया। यहां उसकी जांच रिपोर्ट पॉजीटिव आई थी। गुरुवार को गांव में उसकी मौत हो गई। इसकी मौत का आंकड़ा १२ तक पहुंच गया।
पिछले वर्ष आया केवल एक मरीज सामने
जानकारी के अनुसार पिछले वर्ष स्वाइन फ्लू का केवल एक मरीज सामने आया था, जबकि इस बार तीन महीने में ही ११५ से अधिक मरीज सामने आ चुके हैं। सरकारी व निजी अस्पतालों में सर्दी-जुकाम व बुखार पीडि़तों की कतारें लग रही है। पीबीएम एवं जिला अस्पताल का मेडिसिन ओपीडी २५ से ३० प्रतिशत बढ़ गया है।
बीकानेर जिले के पांच
मेडिसिन विभागध्यक्ष डॉ. वीबी सिंह ने बताया कि स्वाइन फ्लू की आशंका के चलते बीकानेर जिले के ६०९ मरीजों की जांच कराई जा चुकी हैं, जिनमें से ११५ में स्वाइन फ्लू की पुष्टी हुई है। वहीं १४० सैम्पल दूसरे जिलों से एसपी मेडिकल कॉलेज की लैब में जांच के लिए पहुंचे, जिनमें से ३५ मरीजों में स्वाइन फ्लू पॉजीटिव पाया गया। पीबीएम में अब तक १२ मरीजों की मौत हो चुकी है, जिनमें से पांच बीकानेर जिले के हैं। मृतकों में तीन श्रीगंगानगर और चार चूरू जिले के मरीज हैं। जिलेभर में स्वाइन फ्लू की स्क्रीनिंग के लिए करीब पौने दो सौ स्वास्थ्य कर्मचारी लगे हुए हैं।
पीडि़तों को लाई १०४ सेवा की एम्बुलेंस
१०८ सेवा के एम्बुलेंस के इमरजेंसी एग्ज्यूकेटिव जहांगीर खां ने बताया कि गुरुवार को श्रीडूंगरगढ़ के सांवतसर गांव से चार स्वाइन फ्लू पीडि़तों को १०४ सेवा की एम्बुलेंस पीबीएम लेकर आई, जिन्हें अस्पताल में भर्ती किया गया है। सीएमएचओ डॉ. बीएल मीणा के आदेशानुसार अब जिले में स्वाइन फ्लू मरीज को लाने के लिए १०८ व १०४ एम्बुलेंस गांव-ढाणी पहुंच रही हैं।





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