मोईकलां. वन विभाग ने जिस व्यक्ति को वन की सुरक्षा के लिए दैनिक वेतन पर लगाया, उसी के द्वारा आठ बीघा वन भूमि पर कब्जा करने का मामला मंगलवार को सामने आया है। वन विभाग ने लबानिया गांव निवासी शंभूनाथ योगी को वन क्षेत्र में लगाए गए पौधों की सार-संभाल के लिए रखा था। इस दौरान शंभू ने करीब 8 बीघा वन भूमि पर कब्जा कर गेहूं की बुवाई कर दी। उसने वन्यजीवों के लिए तालाब में भरने वाले पानी की निकासी कर उस जगह पर भी गेहूं की बुवाई कर दी।
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मंगलवार को बपावर से कई लोगों ने मौके पर पहुंचकर मामले को पकड़ा। लोगों ने आरोप लगाया कि यह सब खेल वन विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से हुआ है। मौके पर शंभू योगी ने बताया कि गेहूं की बुवाई करने से पहले उसने फोरेस्टर को बता दिया था। हालांकि फोरेस्टर ने उसे स्पष्ट कह दिया था कि कोई विरोध हुआ तो उनकी जिम्मेदारी नहीं। मंगलवार को सहकारी के पूर्व सदस्य रामस्वरूप मीणा ने मौके से ही फोरेस्टर को मामले से अवगत कराया।
मुझे आज ही लोगों ने शंभूनाथ द्वारा आठ बीघा भूमि पर गेहूं की फसल बोने की जानकारी दी है। उसे तो पौधों की सुरक्षा के लिए लगाया गया था। अगर उसी ने ऐसा कार्य किया तो निश्चित रूप से उसे सजा मिलेगी। इस पूरे मामले की जांच की जाएगी।
दीपक राठौर, फोरेस्टर बपावर





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