पाली।
राजस्थान में एक बार फिर मानवता को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। पाली जिले में बीस दिन के अंतराल में पूरे प्रदेश को शर्मसार करने वाली घटना हुई। जिले के सेंदड़ा थाना क्षेत्र के सराधना गांव में अज्ञात परिजनों ने साढ़े आठ माह की नवजात बच्ची को सुनसान जगह फेंक दिया, इस दौरान आवारा श्वानों ने उसे काट दिया। इससे नवजात बच्ची की मौत हो गई।
मामले की जानकारी पुलिस व ग्रामीणों को लगी तो इलाके में सनसनी फैल गई। बच्ची के परिजनों का पता नहीं चला है। हिन्दू सेवा मण्डल के सहयोग से गमगीन माहौल में बच्ची का अंतिम संस्कार कर दिया गया। पुलिस ने अज्ञात मां के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सेंदड़ा थाना प्रभारी सुरेश चौधरी ने बताया कि सराधना रीको एरिया में स्थित फैक्ट्री के पास अज्ञात महिला ने अपने नवजात बच्ची को फेंक दिया। मौके पर श्वानों ने नवजात को झाडिय़ों में ले जाकर काट दिया। श्वान के मुंह में नवजात को देख ग्रामीणों ने पत्थर फेंके और नवजात को श्वानों के चंगुल से बचाया। ग्रामीणो की सूचना पर एएसआई निजामुद्दीन खान पुलिस जाप्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस नवजात को लेकर प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंची, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के बाद नवजात बच्ची का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
पुलिस ने अस्पताल व निजी क्लीनिकों में की पूछताछ
पुलिस ने नवजात मां की तलाश में ब्यावर के सरकारी व निजी अस्पतालो में जाकर पड़ताल की। फिलहाल बच्ची के परिजनों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस पड़ताल में जुटी है। बीस दिन पहले विंगरला में भी नवजात बच्ची को फेंका जिले में यह दूसरी घटना है। गत 24 दिसंबर को रानी थाना क्षेत्र के विंगरला गांव में एक नवजात बच्ची झाडिय़ों में मिली थी। उसे अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई। रानी थाना पुलिस अब तक उसके परिजनों का पता नहीं कर पाई है। प्रदेश में लगातार ऐसी घटना होना मानवता को शर्मसार कर देने वाला है।





No comments:
Post a Comment