अजमेर.
शहरवासियों की आसमान में उड़ते पक्षियों को देखने की हसरत जल्द पूरी होने वाली है। प्रवासी और देसी परिन्दों का तीन दिवसीय बर्ड फेयर 11 से 13 जनवरी तक होगा। रविवार को खान एवं गोपालन मंत्री प्रमोद जैन भाया ने बर्ड फेयर के पोस्टर का विमोचन किया।
इस अवसर पर मंत्री प्रमोद जैन ने कहा कि बर्ड फेयर पक्षी प्रेमियों और अजमेर के नागरिकों के लिए सौगात साबित होगी। भविष्य में यह अजमेर के पर्यटन विकास में अहम भूमिका अदा करेगा। विद्यार्थियों, शोधार्थियों, शिक्षकों सहित आमजन को आनासागर झील में पक्षियों का कलरव देखने के अलावा उनके बारे में जानने और समझने का मौका मिलेगा।
11 जनवरी को होगा आगाज
राजस्थान पत्रिका एवं जिला प्रशासन, नगर निगम, अजमेर विकास प्राधिकरण, मदस विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में तृतीय बर्ड फेयर का आगाज 11 जनवरी को आनसागर झील की बारादरी पर होगा। इस दौरान ड्राइंग प्रतियोगिता और फोटो प्रदर्शनी होगी। उद्घाटन समारोह में जिला कलक्टर विश्वमोहन शर्मा, नगर निगम के महापौर धर्मेन्द्र गहलोत जनप्रतिनिधि और अफसर मौजूद रहेंगे।
कर सकेंगे बर्ड वॉचिंग
बर्ड वॉचिंग के शौकीन शहरवासियों, विद्यार्थियों, शोधार्थियों के लिए तृतीय बर्ड फेयर होगा। लोग आनासागर बारादरी, क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान के सामने स्थित चौपाटी, सागर विहार पाल, गौरव पथ पर नवनिर्मित पाथ-वे और पुरानी विश्राम स्थली से प्रवासी पक्षियों की उड़ान, झुंड में झील में पहुंचने, जल क्रीड़ा और पानी में मछलियां, भोजन तलाशने जैसी गतिविधियां देख सकेंगे। पक्षियों के जानकार और नियमित बर्ड वॉचिंग करने वाले विशेषज्ञ इनकी प्रजाति, रंगरूप, व्यवहार और गतिविधियों की जानकारी भी देंगे। तीन दिवसीय बर्ड फेयर की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
अनूठी है पक्षियों की दुनिया
विश्वविद्यालय के पर्यावरण विज्ञान विभागाध्यक्ष प्रो.प्रवीण माथुर के अनुसार प्रवासी पक्षियों की दुनिया अनूठी है। इन्हें ना किसी पासपोर्ट ना वीजा की जरूरत पड़ती है। यह किसी देश की सीमाओं के बंधन में नहीं रहते। आनासागर झील में कई वर्षों से प्रवासी पक्षी आ रहे हैं। यहां मुख्यत: मध्य एशिया, यूरोप, रूस, चीन, तिब्बत, अफगानिस्तान, हिमाचल प्रदेश, बर्मा, नेपाल, गुजरात, असम, अरुणाचल प्रदेश सहित अन्य प्रांतों से पक्षी आते हैं।
विशेषज्ञ बताएंगे पक्षियों के बारे में
आनासागर झील में मुख्यत: कॉर्मोरेंट्र, ग्रे हेरोन, पेलिकन्स, मैलार्ड, कॉमन टील, रफ, किंगफिशर, स्पून बिल, स्पॉट बिल्ड डक, नॉर्दन शॉवलर सहित 50 से अधिक प्रजातियों के देशी व प्रवासी पक्षी आते हैं। विशेषज्ञ पक्षियों के आहार-विहार, प्रकृति, इनके विभिन्न वातावरण में रहने से जुड़ी जानकारियां देंगे। फेयर के दौरान दूरबीन से पक्षियों को देखा जा सकेगा। शहरवासी स्वयं भी दूरबीन ला सकेंगे। अपने साथ दूरबीन लाने से शहरवासी पक्षियों की गतिविधियों को आसानी से काफी देर तक देख सकेंगे।





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