सीकर.
जयपुर रोड स्थित औद्योगिक क्षेत्र में लंबे समय से चल रही नकली एचपी कंपनी की ऑयल फेक्ट्री पकड़ी है। अचानक हुई छापेमारी कार्रवाई में मौके से नकली ऑयल के कई ड्रम बरामद कर एक कालाबाजारी को दबोचा है। जिसको गिरफ्तार कर कारोबार से जुड़े बाकी सदस्यों का पता उगलवाया जा रहा है। उद्योग नगर थाना पुलिस के अनुसार औद्योगिक क्षेत्र में नकली ऑयल कंपनी के कारखाने की सूचना मिल रही थी। रैकी करवाने के बाद मामला सही पाया गया तो पुलिस टीम गठित कर संदिग्ध कारखाने पर छापा मारा गया। पुलिस को मौके पर एचपी लूर्बिकेंटस गेयर ड्राइ ओटोमोटिव गेयर ऑइल के नकली 11 ड्रम भरे हुए मिले। इसके अलावा इन्हें तैयार करने के लिए काम में ली जा रही सामग्री, सील व कच्चे माल सहित काफी संख्या में खाली ड्रम बरामद किए हैं। नकली तैयार हो रहे ऑयल के ड्रमों पर ताकतवरों का यार श्लोगन भी अलग से छपा हुआ है। एसएचओ राममनोहर ने बताया कि मौके पर फैक्ट्री में मौजूद आरोपी हरिशंकर को गिरफ्तार किया है। जो कि, बजाज रोड का रहने वाला है। इसकी रीको एरिया में खुद की जमीन है। जिस पर इसने गोदाम बना रखा है और यहीं नकली माल तैयार कर बेच रहा था। मौके पर 11 ड्रमों में भरी हाइड्रोलिक ऑयल की टंकियों में भरे ऑयल को दिल्ली की कंपनी के प्रतिनिधि द्वारा चेक करने पर इसे नकली बताया गया। आरोपी ने कबूला है कि वह सालभर से माल तैयार कर सप्लाई में जुटा है। इसके अलावा ऑयल खरीदने के लिए ग्राहक यहां भी आते थे। गोदाम बाहर से ढका होने के कारण पुलिस भी स्थिति भाप नहीं पाई। आरोपी हरिशंकर के खिलाफ कॉपी राइट एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को रविवार को मजिस्ट्रेट के सामने पेश कर पुलिस रिमांड मांगा जाएगा। संबंधित कंपनी के प्रतिनिधि हेमंत बरडिय़ा जब सुबह नकली ऑयल की शिकायत लेकर थाने पहुंचा तो पुलिस अधीक्षक व वृत्ताधिकारी शहर के निर्देश पर छापा मारने के दौरान नकली ऑयल फेक्ट्री का पता चला।
पहले यह पकड़े
शहर में इससे पहले भी कई नकली उत्पाद पकड़े जा चुके हैं। लेकिन, बावजूद इसके पुलिस मिलावट का यह कारोबार रोक नहीं पा रही है। अब तो भारी मात्रा में माल भी यहीं तैयार होने लगा है। पुलिस को भनक तक नहीं लग पा रही है। जबकि खुद पुलिस ने यहां नकली बिजली के वायर, पान मसाला, फिल्मों की सीडियां, शराब, मावा व सिंथेटिक दूध तक की नकली सप्लाई पकड़ी है।
2550 का माल 2200 में
पुलिस के अनुसार कंपनी के असली ऑयल के ड्रम की बाजार में कीमत 2550 रुपए तय कर रखी है। जबकि हरिशंकर इस नकली ऑयल को 350 रुपए कम 2200 में बेचान करता था। कपंनी प्रतिनिधियों का कहना था कि इस नकली ऑयल के इस्तेमाल से संबंधित वाहन भी जल्दी खराब हो जाता है। लेकिन, जब पता लगा कि नकली ऑयल उनकी कंपनी के नाम से कोई सीकर में बेच रहा है तो पुलिस कार्रवाई का निर्णय लिया गया।
यह माल हुआ बरामद
11 भरी हुई हाइड्रोलिक ऑयल की टंकियां, 90 खाली टंकियां, 40 नकली कलर के ढक्कन मय सील, एचपी लुबरीकेंटस गेयर ड्राइव ऑयल के खाली 26 लीटर क्षमता की कुल 68 टंकियां, एक लीटर व पांच लीटर क्षमता क दो माप, दो बोतल रंग की, एक ड्रम 200 लीटर का लोहे का जिसमें 40 लीटर नकली ऑयल भरा हुआ था। एक लीटर ड्रम 50 लीटर प्लास्टिक का जब्त किया गया।
पुलिस द्वारा आगे भी नकली माल तैयार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। मिलने वाली सूचना को भी गंभीरता से लिया जाएगा। ताकि इस अवैध कारोबार का सफाया किया जा सके। -डा. अमनदीप सिंह कपूर, पुलिस अधीक्षक सीकर





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