Breaking News
recent

मिलेगी सभी कॉलेज को खुशखबरी, तैयार हो जाएं इस तोहफे के लिए

अजमेर.

प्रदेश के इंजीनियरिंग कॉलेज में प्राचार्यों की नियुक्ति जल्द हो सकती है। सरकार ने सभी कॉलेज से स्टाफ, आय-व्यय, संसाधन और अन्य रिपोर्ट मांगी है।

तकनीकी शिक्षा विभाग ने अजमेर के बॉयज और महिला सहित बांसवाड़ा, झालवाड़ और अन्य कॉलेज में प्राचार्य भर्ती के लिए इस वर्ष फरवरी में आवेदन मांगे थे। दस महीने बाद भी प्राचार्यों की नियुक्तियां नहीं हुई है। साथ ही इंजीनियरिंग कॉलेज कई समस्याओं से जूझ रहे हैं। प्रदेश की नई कांग्रेस सरकार ने कॉलेज की ‘खराब’ स्थिति को देखते हुए इनकी समीक्षा कराने का फैसला किया है।

मंत्रालय ने मांगी रिपोर्ट
तकनीकी शिक्षा मंत्रालय ने प्रदेश के बांसवाड़ा, भरतपुर, अजमेर, झालावाड़, जोधपुर, बीकानेर, बारां और अन्य इंजीनियरिंग कॉलेज से रिपोर्ट मांगी है। इसके तहत कॉलेज में कार्यरत शैक्षिक और अशैक्षिक कार्मिकों का वेतनभार, एक्रिडिटेशन के लिए 80 प्रतिशत पदों की स्थिति, न्यूनतम वित्तीय भार, विद्यार्थियों की फीस से होने वाली आय, स्वायत्तशासी समिति द्वारा लगाए गए कार्मिकों की स्थिति और अन्य शामिल हैं। इसके अलावा स्थाई अथवा कार्यवाहक प्राचार्य, रिक्त पद और अन्य सूचनाएं भी मंगवाई गई हैं।

अजमेर इंजीनियरिंग कॉलेज के हाल...
अजमेर के बॉयज इंजीनियरिंग कॉलेज में तीन साल से स्थाई प्राचार्य नहीं है। यहां राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय को प्रो. रंजन माहेश्वरी कार्यवाहक जिम्मेदार संभाल रहे हैं। इसी तरह राजकीय महिला इंजीनियरिंग कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. अजयसिंह जेठू दिसंबर 2017 में में इस्तीफा देकर वापस एमएनआईटी लौट चुके हैं। उनकी जगह प्रो. माहेश्वरी के पास अतिरिक्त जिम्मेदारी है। वे भी इस साल फरवरी में हुए आंदोलन के बाद महिला कॉलेज से इस्तीफा सौंप चुके हैं।

नहीं बन सके विवि के संघठक कॉलेज
महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय बॉयज और महिला इंजीनियरिंग कॉलेज को अपना संघठक कॉलेज बनाना चाहता था। तत्कालीन उच्च और तकनीकी शिक्षा मंत्री किरण माहेश्वरी भी इसके लिए तैयार थीं। लेकिन स्वायत्तशासी सोसायटी के अधीन संचालित कॉलेज को यह प्रस्ताव रास नहीं आया। कॉलेज के तत्कालीन प्राचार्यों ने कोई रुचि नहीं दिखाई। मालूम हो कि इंजीनियरिंग कॉलेज में मनमाने ढंग से नियुक्तियां, पदोन्नतियां, लाखों रुपए की खरीद-फरोख्त, महंगी कार खरीदने की शिकायतें सरकार तक पहुंचती रही हैं।


सभी इंजीनियरिंग कॉलेज से विस्तृत रिपोर्ट मंगवाई है। तकनीकी शिक्षा विभाग इनकी समीक्षा करेगा। सभी कॉलेज में प्राचार्यों की नियुक्तियां जल्द होंगी।
डॉ. सुभाष गर्ग, तकनीकी, चिकित्सा और संस्कृत शिक्षा राज्यमंत्री



Rajasthan Darpan IFTTT

Rajasthan Darpan IFTTT

No comments:

Post a Comment

Powered by Blogger.