अजमेर.
पौष में सर्दी हाड़ कंपकंपा रही है। नए साल में भी शीतलहर नश्तर चुभो रही है। गुरुवार सुबह जमीन पर ओस और आसमान में हल्की धुंध दिखी। सूरज निकलने के बाद कुछ राहत मिली पर गलन ने चैन नहीं लेने दिया। पिछले एक सप्ताह से न्यूनतम तापमान 4 से 7 डिग्री के बीच घूम रहा है।
बर्फीली ठंडक ने अलसुबह से लोगों को धुजाए रखा। सुबह पर सैर पर जाने वाले भी कम नजर आए। लोग सिर से पैर तक गर्म कपड़ों में लिपटे रहे। सुबह 7.45 बजे सूरज निकलने के बावजूद ठंड के तेवर नर्म नहीं पड़े। हालांकि जनवरी में भी दोपहर को धूप तीखी महसूस हो रही है। मगर गलन ने चैन नहीं लेने दे रही। शहर में स्टेशन रोड, बस स्टैंड, बजरंगगढ़ चौराहा, वैशाली नगर, आदर्श नगर स्थित कई इलाकों में लोग अलाव के सहारे बैठे दिखे। जनवरी के शुरुआत में भी रात के तापमान में अब तक करीब 8 डिग्री की गिरावट बनी हुई है।
अब तक सबसे ठंडा दिसंबर
अजमेर में साल 2018 का दिसंबर पिछले दस साल में सर्वाधिक ठंडा रहा था। ऐसा पहली बार हुआ जबकि न्यूनतम पारा नीचे लुढ़ता हुआ 4.0 डिग्री पर पहुंच गया। इससे पहले साल 2009 में पारा 9.8, 2010 में 8.7, 2011 में 8.0, 2012 में 7.5, 2013 में 6.5, 2014 में 7.0, 2015 में 4.7, 2016 में 9.1 और 2017 में दिसंबर में पारा 7.3 डिग्री रहा था। मालूम हो कि साल 2017 में 13 जनवरी अजमेर का सबसे सर्द दिन रहा था। इस दिन पारा पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ता हुआ 3.0 डिग्री पर पहुंच गया था।





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