जैसलमेर. हाल में संपन्न मरु महोत्सव-2019 में इस बार गत वर्षों की तुलना में कहीं अधिक देसी-विदेसी सैलानियों ने शिरकत की। इस बार तीन दिवसीय आयोजन के दौरान देश-दुनिया के करीब 8 हजार मेहमानों ने इसमें भागीदारी कर जैसलमेर पर्यटन को लगभग 5 करोड़ रुपए का व्यवसाय करवा दिया। गत सालों की तुलना में इस बार व्यवस्थाओं की दृष्टि से भी आयोजन सफल माना जा रहा है। प्रशासन और पर्यटन विभाग की ओर से किए गए नवाचारों को भी दर्शकों की तरफ से सराहा गया। मरु महोत्सव के तीनों दिन क्रमष: पूनम स्टेडियम, डेडानसर मैदान और सम सेंड ड्यून्स के बड़ी संख्या में हजारों की संख्या में सैलानियों ने मौजूदगी दर्ज करवाई। गुजरात के सौराष्ट्र क्षेत्र से आए सैलानियों से इस संबंध में जब ‘पत्रिका’ ने बात की तो उन्होंने बताया कि वे पहली बार मरु महोत्सव को देखने के लिए ही जैसलमेर आए हैं। उन्होंने तब कार्यक्रमों को रोचक व व्यवस्थाओं को स्तरीय बताया था। ऐसे ही स्थानीय बाषिंदों का रुझान भी आयोजन के प्रति सकारात्मक देखा गया। हालांकि दूसरे दिन डेडानसर मैदान में चलने वाले अंधड़ ने थोड़ा मजा किरकिरा कर दिया था और आखिर में बैठक व्यवस्था के लिए लगाए गए टेंट भी कई जगहों से फट गए।
नवाचारों ने भी लुभाया
प्रशासन और पर्यटन विभाग की तरफ से इस बार कई नवाचार भी किए गए, जिनमें आयोजन की पूर्व संध्या पर 16 फरवरी को जैसलमेर दुर्ग के लक्ष् मीनाथ मंदिर से निकाली गई हेरिटेज वॉक खास तौर पर उल्लेखित रही। इस वॉक का रास्ता शहर के सभी दर्शनीय स्थलों से होते हुए निर्धारित किया गया। जानकारों की राय में इस हेरिटेज वॉक से महोत्सव से पहले एक सकारात्मक माहौल निर्मित हुआ। बाहर से आए सैलानियों तक भी प्रभावी ढंग से संदेश प्रसारित हुआ। सम के धोरों पर महोत्सव की आखिरी शाम में विविध विधाओं में गायन करने वाले लखविंदर वडाली ने दर्शकों का लगातार करीब डेढ़ घंटे तक मनोरंजन किया। वहां चल रही ठंडी हवाओं और हो रही बूंदाबांदी के बावजूद दर्शक जमे रहे।
अब सम ब्रांड को प्रोत्साहित करेगी सेलिब्रिटी
सम कैम्प एंड रिसोर्ट वेलफेयर सोसायटी के प्रयोजन से बुलाए गए लखविंदर के कार्यक्रम की सफलता के बाद सोसायटी ने भविष्य में प्रत्येक मरु महोत्सव की समापन संध्या में ऐसे ही किसी एक सेलिब्रिटी को बुलाकर ब्रांड सम को प्रोत्साहित करने का फैसला भी किया है। सोसायटी के अध्यक्ष कैलाश व्यास, उस्मान खां, गुलाम कादिर, मोवले खां, मदन चौधरी, करीम खां, पुष्पेंद्र व्यास, मयंक भाटिया, हकीम खां, भैरूसिंह, कासम खां, बबलूभाई, विक्रमसिंह, स्वरूप दान, मालिक खां, नासिर खां, तुर्के खां, अकरम खां, एमपी सिंह, जमाल खां, गाजी खां, विक्रम चूरू आदि सदस्यों ने भविष्य में भी सम में पर्यटन को प्रोत्साहित करने में हर संभव सहयोग देने का निर्णय लिया है।
फैक्ट फाइल -
-03 दिन आयोजित किया गया जग विख्यात मरु महोत्सव
-1979 से हर वर्ष स्वर्णनगरी में हो रहा महोत्सव का आयोजन
-2001 में भूकम्प त्रासदी के कारण किया गया था निरस्त





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