आपदाओं से किस तरह से मुकाबला करना हैं, सैनिक की तरह तंबू में कैसे जीवन जीतें हैं, दुर्घटना के दौरान उपचार कैसे हो, अपनी कला को निखारने का तरीका और सभी मुश्किल हालातों के बीच रहकर अपना व दूसरों का मनोरंजन कैसे हो, अलवर के स्कूलों में पढऩे वाले स्काउटस को ये सब कुछ सीखने का मौका मिलेगा जिला मुख्यालय पर आयोजित किए जा रहे जंबो रेट रैली कार्यक्रम में। यह शिविर 16 से 20 फरवरी तक आयोजित किया जाएगा। इस शिविर में जिले भर से चयनित करीब 800 स्काउट गाइड शामिल होगे। इसके लिए जिला मुख्यालय पर इन दिनों जोर शोर से तैयारियां की जा रही है। कैडेटस के लिए तंबू लगाए जा रहे हैं। इस दौरान लडक़े व लड़कियों के रहने के लिए अलग अलग व्यवस्था की गई है।
चार साल में एक बार होता है आयोजन
जिला स्तर पर आयोजित इस तरह की जंबू रेट चार साल में एक बार आयोजित की जाती है। जिसमें स्काउट व गाइड को हर मुश्किल हालात से निपटने का तरीका बताया जाता है। इससे पहले वर्ष 2013 में 9 से 13 नवंबर तक अपनाघर शालीमार में यह शिविर लगाया गया था। यह शिविर नेशनल स्तर पर लगने वाले जंबूरी शिविर का ही छोटा स्वरूप होता है। इस बार चयनित स्कूलों से 10 स्काउट गाइड का चयन किया गया है।
स्काउट गाइड को मिलेगा सम्मान
सीओ स्काउट गाइड प्रमोद शर्मा ने बताया कि इस रैली में स्काउट गाइड कौशल, सांस्कृतिक कार्यक्रम, समाज सेवा के विभिन्न आयाम, पर्यावरण, जल स्वावलंबन, सडक़ सुरक्षा सहित अन्य कार्यों का प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान स्काउट गाइड में विशेष योगदान देने वाले स्काउट गाइड का सम्मान भी किया जाएगा।





No comments:
Post a Comment