सवाईमाधोपुर : यहां सर्किट हाउस में भरतपुर से गुर्जर समाज का एक प्रतिनिधिमंडल रविवार देर शाम पर्यटन मंत्री विश्वेन्द्र सिंह एवं आईएएस अधिकारी नीरज के पवन से मिला। उन्होंने गुर्जर समाज का पक्ष रखा और सरकार से इसका हल निकालने की मांग की। करीब आधा घंटे तक चली वार्ता में विश्वेन्द्र सिंह ने कहा कि इस मामले का हल वार्ता से निकलेगा, लेकिन वार्ता हजारों लोगों की भीड़ के बीच ट्रेक पर नहीं हो सकता है। वार्ता के लिए गुर्जर समाज के नेता या तो सवाईमाधोपुर आ जाएं या फिर आंदोलन स्थल के निकट वाले कोई किसी गांव में वार्ता कर लें। प्रतिनिधमंडल में शामिल मैरोली जसपुरा सरपंच यादराम, महरावर सरपंच हंसराम ने बताया कि वे सरकार से वार्ता के बाद ट्रेक पर जाएंगे और यहां पर हुई वार्ता की जानकारी आंदोलनकारियों को देंगे।
भीड़ में नहीं हो सकती वार्ता, एक स्थान तय करे गुर्जर नेता
दो हजार की भीड़ में वार्ता नहीं हो सकती है। हम वार्ता के लिए ट्रेक पर जा सकते हैं तो गुर्जर समाज के लोग भी वार्ता की पहल करे। वे एक स्थान तय करें, वहां हम वार्ता के लिए जाने को तैयार हैं। मैंने रविवार को भी कर्नल बैंसला से इस बारे में आग्रह किया था, लेकिन कोई जगह तय नहीं की। अन्य जगहों पर जाम व हिंसक आंदोलन से किसी का फायदा नहीं होने वाला है। आपसी बातचीत से ही उनकी मांग का हल निकलेगा।
विश्वेन्द्र सिंह, पर्यटन मंत्री
वार्ता के लिए कोई कमेटी नहीं बनाएंगे
मैं पहले भी कह चुका हूं कि हम कोई प्रतिनिधिमंडल या कमेटी वार्ता के लिए नहीं बनाएंगे। पांच फीसदी आरक्षण की मांग है, सरकार इसको पूरा करके टे्रक पर ले आए, हम आंदोलन खत्म कर देंगे।
कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला, संयोजक, गुर्जर आरक्षण आंदोलन समिति





No comments:
Post a Comment