जयपुर।
अगर आप बाज़ार से सॉस या अचार खरीद रहे हों, तो सावधान हो जाइए। दरअसल, ऐसे मिलावटखोर सक्रीय हैं जो महज़ मुनाफे के लिए लोगों की जान से खेल रहे हैं। बेख़ौफ़ होकर मिलावट करने वालों पर समय-समय में कार्रवाई तो हो रही है, लेकिन ये कार्रवाइयां ऊंट के मुंह में जीरे की कहावत के सामान ही हैं।
इसका एक ताज़ा उदाहरण देखने को मिला है राजधानी जयपुर में जहां चिकित्सा विभाग ने एक सॉस और अचार बनाने वाली फैक्ट्री पर छापा मारा। टीम ने जब यहां सॉस और अचार बनने की प्रक्रिया देखी तो एक बारगी तो वो भी दंग रह गई रह गए। छापा मारने वाली टीम ने यहां से करीब 23 हजार किलो घटिया पल्प एवं अचार निर्माण सामग्री जप्त की।
चिकित्सा विभाग द्वारा संचालित शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के दल ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। रीको इंडस्ट्रियल एरिया स्थित एमएल गृह उद्योग पर कार्रवाई करते हुए करीब 23 हजार किलो घटिया पल्प एवं अचार निर्माण सामग्री नष्ट कराई गई।
जन-स्वास्थ्य के निदेशक डॉ. वीके माथुर ने बताया कि उद्योग में कई तरह के सॉस और अचार का निर्माण किया जाता था। यहां सॉस और अचार के निर्माण में अवधि पार सामग्री काम में ली जा रही थी। इसके अलावा निर्माण सामग्री मानव उपयोग के लायक भी नहीं थी।





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