आबूरोड. जिले के ४३ हजार किसानों के लिए खुशखबर है। केन्द्र सरकार की ओर से हाल ही बजट में घोषित प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना प्रदेश में भी शुरू कर दी गई है। इसके अमल के लिए लघु एवं सीमांत कृषक सेवा पोर्टल तैयार किया गया है। गौरतलब है कि केन्द्र सरकार की ओर से लघु एवं सीमांत किसानों को प्रत्यक्ष सहायता आय सुनिश्चित करने के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान (पीएम किसान) निधि प्रारंभ की गई है। योजना शत-प्रतिशत केंद्रीय सहायता के साथ इस वर्ष प्रारंभ की गई है। इसके तहत हर पात्र किसानों को प्रतिवर्ष तीन किश्तों में कुल छह हजार रुपए सीधे डाले जाएंगे। योजना क्रियान्वयन के लिए प्रदेश सरकार ने लघु एवं सीमांत कृषक सेवा पोर्टल तैयार किया है। किसानों का पंजीयन भी शुरू होगा। हालांकि रविवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इस योजना का विधिवत उद्घाटन करेंगे।
पंजीयन का शुल्क २५ रुपए
पोर्टल पर पंजीयन के लिए किसानों को अपनी जमाबंदी आधार कार्ड एवं बैंक खाते की पासबुक लेकर निकट के ई-मित्र पर ले जाना होगा। केन्द्र की ओर से ऑनलाइन आवेदन पत्र पूर्ण कर आधार आधारित अभिप्रमाणन एवं प्रिंट आउट देने के लिए २५ रुपए शुल्क तय है। इसका भुगतान काश्तकार करेंगे। कृषक पोर्टल से किया ऑनलाइन आवेदन संबंधित पटवारी के पास तत्काल पहुंचेगा। पटवारी भू अभिलेखों से मिलान कर प्रमाणित करेगा, जिसकी सूचना संबंधित आवेदन को उसका पंजीकृत मोबाइल पर दी जाएगी। पोर्टल के माध्यम से कृषक को प्रत्येक स्तर पर उसके प ंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के माध्यम से सूचनाएं मिलेंगी।
जिला स्तर पर बनाई कमेटी
इस संबंध में प्रमुख सचिव की ओर से गुरुवार को निर्देश जारी किए है। इसके तहत राज्य एवं जिला स्तरीय एक कमेटी बनाई गई है। जिलास्तरीय कमेटी में जिला कलक्टर की अध्यक्षता में होगी। जिसमें बैेंक प्रबंध निदेशक सदस्य सचिव होंगे।
दो हेक्टेयर भूमि के मालिक को मिलेगा फायदा
योजना के तहत प्रतिवर्ष ६००० रुपए की सहायता तीन किश्तों में केन्द्र सरकार से मिलेगी जो २ हेक्टेयर अथवा इससे कम भूमि के मालिक को मिलेगी। यह सहायता किसानों को खाद बी आदि खरीदने में मदद के लिए दि जाएगी।
४३ हजार किसान है
- पीएम किसान योजना का लाभ उनको ही मिलेगा, जिनका आधार एवं जमाबंद रेवन्यू से लींक है, जिनके यह दस्तावेज लींक नहीं है, वे इमित्र से लींक करवाकर योजना का लाभ उठा सकते है। जिले में ४३ हजार ६०० किसान इस योजना के पात्र हैं।
- डॉ. जगदीशचन्द्र मेघवंशी, कृषि उपनिदेशक सिरोही।





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