ब्रॉडगेज से पहले
- मीटर गेज के समय समदड़ी-भीलड़ी रेल खंड में पार्सल बुकिंग स्टाफ था, यहां से पार्सल बुक करवाया जा सकता था।
ब्रॉडगेज के बाद
- ब्रॉडगेज कार्य पूरा होने के बाद पार्सल बुकिंग की सुविधा नहीं, पार्सल लगेज का स्टाफ नहीं होने से जरुरत होने पर अन्य स्टेशनों पर निर्भरता
जालोर. एक दशक पूर्व समदड़ी-भीलड़ी रेल खंड मीटर गेज से ब्रॉडगेज में तब्दील जरुर हो चुका है, लेकिन इस रेल खंड में अब तक मीटर गेज के समय जो सुविधाएं थी वे तक बहाल नहीं हो पाई है। 223.44 किमी लंबी इस रेल खंड पर प्रतिदिन लगभग 40 से 45 गुड्स टे्रनें जरुर गुजर रही है, जिसमें भारी मात्रा में गुड्स का परिवहन हो रहा है, लेकिन इन हालातों के बाद भी समदड़ी-भीलड़ी रेल खंड के लोगों या यात्रियों के लिए लगेज, पार्सल बुकिंग सुविधा उपलब्ध नहीं है। जबकि मीटर गेज के समय जालोर, भीनमाल समेत अन्य स्टेशनों पर यह सुविधा उपलब्ध थी, जिससे यहां से लगेज को आसानी से अन्यत्र भेजा जा सकता था। इस मामले में रेलवे के उच्चाधिकारी आंखें मूंदे बैठे हैं।
यह बनते हैं हालात
रेल खंड के किसी भी स्टेशन पर पार्सल लगेज बुकिंग की सुविधा नहीं है। ऐसे में यहां से लगेज नहीं भेजा जा सकता है। दूसरी तरफ बड़े स्टेशनों से बुक होने वाला लगेज जालोर समेत अन्य स्टेशनों पर जहां टे्रनों का स्टॉप हैं वहां जरुर पहुंचाया जा सकता है। ऐसे में रेलवे की यह दोहरी नीति लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है।
दिसावरी अधिक इसलिए सुविधा जरुरी
जिले से बड़ी तादाद में लोग महाराष्ट्र गुजरात समेत दक्षिणी राज्यों में निवास करते हैं। समय समय पर ये लोग जालोर पहुंचते भी है। कई मौकों पर यहां से घरेलू सामान समेत अन्य सामान ये लोग दिसावर से लेकर आते हैं। जबकि कई मौकों पर यहां से जरुरी सामान भेजते भी है, लेकिन इस लगेज की बुकिंग समदड़ी-भीलड़ी रेल खंड के स्टेशनों पर नहीं होती है। इन हालातों में फालना, बालोतरा, जोधपुर स्टेशन ही इन लोगों के लिए विकल्प बचते हैं। वहीं ट्रांसपोर्ट से लगेज भेजना अधिक खर्चीला होता है। दूसरी तरफ इसका चार्ज भी अधिक होता हैं।
3 मिनट से अधिक स्टॉपेज जरुरी
रेलवे के उच्चाधिकारियों के चलते इस रेल खंड में सुविधा के नाम पर जिलेवासियों को न तो यात्री गाडिय़ां मिल रही है। न ही आवश्यक संसाधन और सुविधा मुहैया हो पा रही है। पार्सल लगेज के लिए यहां बुकिंग बाबू और पार्सल सुपरवाइजर की नियुक्ति जरुरी है, जो करीब दो दशक पूर्व यहां नियुक्त थे, लेकिन ब्रॉडगेज के बाद इन पदों पर नियुक्ति नहीं की गई है। दूसरी तरफ रेलवे के नियमों की बात करें तो 3 मिनट से अधिक ट्रेन के स्टॉपेज वाले स्टेशनों पर पार्सल और लगेज बुकिंग सुविधा शुरु की जाती है। मीटर गेज के समय टे्रनों का जालोर में स्टॉपेज 10 मिनट था, लेकिन ब्रॉडगेज के बाद रेलवे के अधिकारियों ने यहां स्टॉपेज भी 10 मिनट से घटाकर 3 मिनट कर दिया है, जबकि नियमानुसार 3 मिनट से अधिक स्टॉपेज पार्सल बुकिंग सुविधा के लिए जरुरी है।





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