जैसलमेर. यीशु के बलिदान का पर्व गुड फ्राइडे शुक्रवार को परंपरागत रुप सेे मनाया गया। जैसलमेर में पौ फटते ही चर्चों में यीशु की आराधना करने के लिए चर्च में चहल-पहल शुरु हो गई। दोपहर तक चर्च आराधकों से खचाखच भर गया, तब शुरु हुआ सामूहिक प्रार्थनाओं का दौर। आनंद पाते येसु में सदा, येसु, येसु, येसु नाम, येसु नाम जीवनधाम, आराधना प्रभु आराधना तेरी, सारी सृष्टि गाती है अल्ले लूया होसाना ...। प्रभु यीशु की आराधना में ये उद्गार गीतों के रुप में शुक्रवार को चर्चों में गूंज उठे। बड़ी संख्या में लोगों ने क्राइस्ट के बलिदान को याद किया और उनकी शिक्षाओं को आत्मसात कर इंसानियत की भावना जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया। इससे पूर्व सैकड़ों लोगों ने क्रास परिक्रमा कर अपने ईष्टï के प्रति प्रगाढ़ श्रद्धा प्रकट की। आतंकवाद से घिरे विश्व को सद्मार्ग पर जाने के लिए प्रार्थना की। ईसाई धर्म के अनुयायियों ने प्रभु के मानवता के लिए सहे दु:खों व कष्टों और बलिदान को याद किया तो कई लोग भावुक हो गए। उन्होंने उपासना की और अपने बुरे कर्मों को याद कर क्षमायाचना की और पश्चाताप किया। चर्च में प्रार्थना व पश्चाताप के दौरान कई आंखें नम हो गई।





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