बाड़मेर. शहर के भीतरी इलकों में आगजनी की घटना हो जाए तो भगवान ही मालिक है। यहां सकरी बाजार व गली-मौहल्ले में आग से हादसा हो जाए तो दमकल आग बुझाने में नाकाम ही रहेगी और दमकल पहुंचने से पहले सब कुछ खाक हो जाएगा। यहां दमकल से आग बुझाना तो दूर पहुंचना ही मुश्किल है।
शहर के गढ़ मंदिर के पास स्थित आजाद चौक के पास दोपहर 3 बजे खुले बाड़े में आग लगी। आग की लपटें देखकर आसपास लोगों में अफरा-तफरी मच गई। आग की सूचना स्थानीय लोगों ने नगर परिषद दमकल को दी। नगर परिषद की बड़ी दमकल करीब एक घंटे के प्रयासों से शहर का पूरा बाजार पार कर आजाद चौक पहुंच कर आगे सकड़ी गल्ली होने पर रुक गई।
इसके बाद नगर परिषद की छोटी दमकल पहुंची। करीब डेढ़ घण्टे बाद दमकल पहुंची और आग पर काबू पाया। इससे मौहल्लेवासियों ने राहत की सांस ली। इससे पहले कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची।
मुख्य बाजार से गुजरना मुश्किल
शहर के गढ़ मंदिर, आजाद चौक, ढाणी बाजार सहित सोन तालाब पहुंचने के लिए शहर का मुख्य बाजार से वाहन गुजरते है। यहां दिनभर वन-वे रहता है। बाजार में भीड़-भाड़ होने पर वाहन नहीं पहुंच पाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर परिषद यहां आपात स्थिति से निपटने को लेकर कोई इंतजाम करें।





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