सवाईमाधोपुर. जिले में भले ही सरसों-चने की समर्थन मूल्य पर एक अप्रेल से खरीद शुरू हो गई हो लेकिन अभी तक भी किसानों के पास चना फसल खरीद के मोबाइल पर मैसेज आने शुरू नहीं हुए है। ऐसे में पिछले पांच दिन से चना की खरीद भी नहीं हो सकी है, जबकि क्रय-विक्रय सहकारी समितियों की ओर से खरीद केन्द्रों पर सरसों के लिए पांच-पांच किसानों के मैसेज भेजे जा रहे है। ऐसे में खरीद केन्द्रों पर सरसों आवक के साथ तुलाई चालू हो गई है। चना खरीद के मैसेज नहीं आने से किसान परेशान दिख रहे है। चना व सरसों की खरीद राजफैड व गेहूं की खरीद भारतीय खाद्य निगम कर रहा है। राजफेड ने चनाव व सरसों की खरीद का जिम्मा क्रय-विक्रय सहकारी समितियों को दिया है।
अमरूद मण्डी में चार सौ क्विंटल की खरीद
वैसे तो एक अप्रेल से जिले के सभी छह खरीद केन्द्रों की शुरूआत हो गई थी लेकिन सरसों तुलाई के लिए किसान मण्डी नहीं पहुंच रहे थे। जिला मुख्यालय पर चकचैनपुरा अमरूद मण्डी खरीद केन्द्र पर गत तीन दिन से सन्नाटा पसरा था। इसके बाद पिछले दो दिन में करीब 400 क्विंटल सरसों की खरीद हुई है। जहां गुरूवार को 244 क्विंटल सरसों की खरीद हुई तो शुक्रवार को 150 क्विंटल सरसों की खरीद हुई।
चिंतित नजर आ रहे किसान
किसान संघ के पदाधिकारियों ने बताया कि किसानों ने चना फसल के लिए पूरे दस्तावेज लगा दिए है लेकिन क्रय-विक्रय सहकारी समिति अधिकारियां मैसेज का आगे से ही मैसेज नहीं आने का हवाला दे रहे है। कई किसानों की फसल पककर तैयार है और वे बेचना चाह रहे है और दस्तावेज भी जमा कराए लेकिन उनके मोबाइल पर खरीद का मैसेज नहीं आ रहा है। इससे वे चिंतित नजर आ रहे है।
ये है बुवाई व उत्पादन के आंकड़े
फसल बुवाई(हैक्टेयर) उत्पादन
गेहूं 81 हजार 795 2 लाख 78 हजार 103
सरसों 1 लाख 63 हजार 300 2 लाख 93 हजार 940
चना 31 हजार 670 47 हजार 505
ये है सरकारी दर पर समर्थन मूल्य
फसल दर(प्रति क्विंटल)
गेहूं 1840 रुपए
चना 4620 रुपए
सरसों 4200 रुपए
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इनका कहना है
समर्थन मूल्य पर सरसों-चने की खरीद शुरू हो गई है। सरसों की आवक बढ़ी है। जिले में कई स्थानों पर चने की फसल पककर तैयार हो गई है। एक-दो दिन में किसान आने शुरू हो जाएंगे।
रविन्द्र गोयल, उप रजिस्ट्रार, सहकारी समितियां, सवाईमाधोपुर
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अवगत कराएंगे
दस्तावेज पूरे लगा दिए है लेकिन चने की खरीद के मैसेज नहीं आए है। इस संबंध में अधिकारियों से बात की तो उन्होंने आगे से ही मैसेज का नहीं आने का कह रहे है। इस संबंध में फिर से अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा।
गजानंद जाट, महामंत्री, किसान संघ, सवाईमाधोपुर





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