मलारना डूंगर. गम्भीर बीमारी के चलते पिता का सिर से साया उठ गया। मां व भाई भी मानसिक बीमारी से ग्रसित हैं। ऐसे में करौली जिले के सांगरवाड़ा निवासी सोनम के कंधो पर एकाएक परिवार की जिम्मेदारियां बढ़ गई। दिन ब दिन परिवार की आर्थिक स्थिति बिगड़ती गई। इस बीच रिश्तेदारों को सोनम की शादी की चिंता भी होने लगी। सोनम के पास शादी के लिए पैसा तक नहीं था। ऐसे में एक रिश्तेदार ने पीडि़त परिवार की बेटी के पीले हाथ करने की चिंता व्यक्त करते हुए मैसूर में लोकोपायलेट के पद पर कार्यरत श्रीपुरा (तारनपुर) निवासी रमेश मीणा को पीड़ा बताई। इस पर रमेश मीणा ने मिशन कन्यादान (सांगरवाड़ा ) के नाम से मुहिम शुरू की। सरकारी नौकरी में अपने परिचितों को परिवार की पीड़ा बताई और सहयोग की अपील की।
देखते ही देखते लोग मिशन कन्यादान (सांगरवाड़ा) जुडऩे लगे। सोनम का विवाह भी तय हुआ व 12 मई को सोनम के पीले हाथ हो गए। मिशन कन्यादान में प्राप्त राशि 68 हजार 363 रुपए सोनम को कन्यादान स्वरूप भेंट किए। मिशन कन्यादान में रमेश मीना की पहल पर मांगीलाल लाल मीना सब इंस्पेक्टर, अशोक शेखपुरा अध्यापक, गिर्राज राहोली अध्यापक, रणजीत मीना एडवोकेट, विनोद गुदडिय़ा ने विशेष सहयोग किया। साथ ही गरीबों की मदद के लिए और लोगों को भी प्रेरित किया।





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