बीकानेर. बीकानेर नगर का 532 वां स्थापना दिवस सोमवार को परंपरा और हर्षोल्लास से मनाया गया। इस बार शहरवासियों के लिए दोहरी खुशी का दिन रहा। बीकानेर की वर्षगांठ आखाबीज के साथ लोकसभा चुनाव में बीकानेर लोकसभा क्षेत्र में मतदान भी हुआ। इससे उत्साहित लोगों ने सुबह पहले मतदान किया और बाद में घरों की छतों पर पहुंचकर पतंगबाजी का लुत्फ उठाया। परम्परा के अनुसार घरों में नई मटकियांें में पानी भरा गया। शाम को बाजरे का खीचड़ा व इमली का शर्बत (आमली) बनाया गया।
राव बीकाजी संस्थान की ओर से जूनागढ़ स्थित बीकाजी की प्रतिमा पर सुबह 6 बजे पूजा-अर्चना की गई और प्रदेश-देश की खुशहाली की कामना की गई। मंगलवार को अक्षय तृतीया का पर्व मनाया जाएगा। सुबह घरों में खीचड़ा बनाया जाएगा। साथ ही दिनभर जमकर पतंगबाजी होगी।
आखाबीज पर दोपहर को तेज धूप व लू के बावजूद लोगों का उत्साह कम नहीं हुआ। परकोटे व अन्य जगह लोगों ने लाउड स्पीकर, डीजे पर फिल्मी गीेतों के साथ पतंगबाजी का लुत्फ उठाया। वे सुबह सात बजे से पहले ही लोग छतों पर आ गए। 'बाई काट्या है, बोई मार्या हैÓ की ध्वनि छतों पर गूंजती रही। कोई पतंग काटने के लिए लालायित दिखा, तो कोई कटी पतंगों को लूटने में मस्त नजर आया। यह सिलसिला मंगलवार को भी दिनभर चलेगा।
लगी रही भीड़
शहर में पतंगों की दुकानों पर लोगों की भीड़ रही। बच्चों में पतंगबाजी को लेकर उत्साह है। शहर में डेढ़ से दो सौ दुकानें पतंगों की सजी हैं। अक्षय तृतीया पर भी जमकर पतंगबाजी होगी। लोग सोमवार देर शाम तक बाजारों में पतंगांे व मांझे की खरीदारी करते रहे।





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