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झुंझुनूं के इस गांव में दहाड़ते हैं पैंथर

 

झुंझुनंूं. बुद्ध पूर्णिमा पर शुरू हुई वन्य जीवों की गणना पूरी हुई। जिले मे इस बार दो जगह पैंथर की दहाड़ सुनाई दी। गणना में इस बार वन्य जीवों का कुनबा बढ़ा है।उप वन संरक्षक राजेंद्र कुमार हुड्डा ने बताया कि खेतड़ी क्षेत्र में दो पैंथरों की दहाड़ सुनाई दी है। खेतड़ी क्षेत्र में दो वाटर हॉल के पास पैंथरों की दहाड़ सुनाई दी। वन विभाग की ओर से दो दिन में करीब 50 वाटर हॉल पर गणना की गई। खेतड़ी क्षेत्र में पैंथर पर नजर रखने के लिए पहली बार ट्रैप कैमरा लगाया गया, लेकिन पैंथर कैमरे में कैद नहीं हो सका। खेतड़ी के समदेड़ा तालाब व चिरानी वाटर हाल के पास दहाड़ सुनाई दी है। गणना में कई वन्य जीव अठखेलियां करते नजर आए।

मरू लोमड़ी का नहीं बढ़ा कुनबा
इस बार मरू लोमड़ी का कुनबा नहीं बढ़ पाया है। गत वर्ष हुई गणना में मरू लोमड़ी की संख्या में 13 थी, इस वर्ष भी गणना में 13 ही मरू लोमड़ी सामने आई हैं।
राष्ट्रीय पक्षी व जिला पक्षी की संख्या में हुआ इजाफा
वन्य जीव गणना में राष्ट्रीय पक्षी मोर व जिला पक्षी काला तीतर की संख्या में इजाफा हुआ है। गणना के अनुसार इस बार 232 मोर बढ़े हैं वहीं 97 जिला पक्षी काला तीतर बढ़े हैं।

वन्य जीव का नाम संख्या 2018 2019
बघेरा (पेंथर) 2 2
सियार/गिदड़ 957 999
जरख 35 41
जंगली बिल्ली 172 215
मरू बिल्ली 33 40
जंगली बिल्ली 41 48
लोमड़ी 289 304
मरू लोमड़ी 13 13
भेडिय़ा 27 29
बिज्जु छोटा 99 122
बिज्जु बड़ा 32 54
सांभर 07 9
नील गाय 3503 3854
चिंकारा 375 390
जंगली ***** 7 10
सेही 186 195
बर्डस ऑफ-प्रे, चील, बाज आदि 54 78
मोर 4619 4851
सांडा 27 31
काला तीतर 1289 1386

 

मनसा की पहाडिय़ो से लुप्त हुआ सांडा

पचलंगी. उदयपुरवाटी उपखण्ड वन क्षेत्र के चिन्हित कदम कुण्ड छापौली, बाघोली वन चौकी, कानावाली जोहड़ी पौंख, शीतला माता जोहड़ा बागोरा, कोटबांध, किरावन्डा कुण्ड, मनसा माता वन क्षेत्र सहित सातो स्थानो पर वन्य जीवों की गणना हुई।गणना के दौरान क्षेत्रीय वन अधिकारी उदयपुरवाटी श्रवण लाल जाट सहित अन्य अधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे।

गणना में मादा की संख्या में रहा इजाफा
इस वर्ष वन्य जीव गणना में मादा की संख्या बढ़ी।जिसमें गीदड़ 61 नर व 139 मादा, जरख नर 6 व मादा 8, सांभर 2 नर के साथ मादा 7, मोर नर 128 व मादा 235 देखे गए। वहीं जिला पक्षी काला तीतर की संख्या में भी बढ़ोतरी हुई है। वहीं मनसा की पहाडिय़ों में दिखने वाला साण्डा पिछले वर्षो से नहीं दिख रहा है गणना मे लगे वन विभाग के कर्मचारी व अधिकारियों का कहना है कि सांडा जानवर इस वर्ष भी नही दिखा।
इनका कहना है
गत वर्ष की गणना मे इस वर्ष जानवर व पक्षियों मे बढ़ोतरी हुई है । कुछ जानवरों मे जैसे सांभर, नील गाय, जरख सहित काला तीतर, मोर में विशेष बढ़ोतरी हुई है।
नरेन्द्र सैनी वन पाल इन्द्रपुरा उदयपुरवाटी।



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