सवाईमाधोपुर. विशेष न्यायालय पोक्सो ने शुक्रवार को दुष्कर्म के एक मामले में आरोपी को 10 साल के कठोर कारावास की सजा एवं 20 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया।लोक अभियोजक हिम्मतसिंह राजावत ने बताया कि गत 25 नवम्बर 2015 को गढ़ी थाना रवांजना डूंगर निवासी व्यक्ति ने थाने में उसकी पुत्री से दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया कि 22 नवम्बर 2015 को रात 12 बजे उसकी नाबालिग पुत्री घर में अंदर कमरे में सो रही थी। इस दौरान आरोपी सुरेन्द्रसिंह मीणा निवासी करमापुरा बुरी नीयत से चुपचाप कमरे में चला गया।
चाकू की नोक पर जबरन बलात्कार किया। पीडि़ता चिल्लाई तो परिजनों ने आरोपी को पकडऩे की कोशिश की, लेकिन वह भाग गया। पीडि़ता का मेडिकल कराया गया। पुलिस ने 230/15 धारा 376, 457 आईपीसी पोक्सो एक्ट में रिपोर्ट दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने न्यायालय में आरोपी के खिलाफ चार्जशीट पेश की। न्यायाधीश ने मामले में पेश पत्रावलियों का अवलोकन व गवाह व वकीलों की जिरह सुनने के पश्चात आरोपी को दोषी पाते हुए उपरोक्त फैसला सुनाया।
किशोरी से छेड़छाड़ का मामला दर्ज
मलारना डूंगर. थाना क्षेत्र के दिवाड़ा गांव में शुक्रवार दोपहर दिनदहाड़े सूनी गली में गलत नीयत से किशोरी से अभद्रता करने मामला सामने आया। घटना को लेकर पीडि़त किशोरी ने थाने पहुंच कर इसी गांव के 60 वर्षीय भागीरथ मीना के खिलाफ मामला दर्ज कराया। पुलिस ने पॉक्सो एक्ट में मामला दर्ज कर जांच भाड़ौती पुलिस चौकी प्रभारी राकेश कुमार यादव को सौंपी है। पीडि़ता ने बताया कि दोपहर साढ़े 12 बजे वह गांव में बाबू लाल महाजन की दुकान पर साबुन लेने गई थी। जहां आरोपी ने बदनीयत से पीडि़ता का हाथ पकड़ लिया। आरोपी की नियत भांप कर पीडि़ता हाथ छुड़ा कर वहां से घर जाने लगी। इस दौरान उससे अभद्रता की और जमीन पर गिरा दिया। चिल्लाने पर भाई व गांव के अन्य लोगों ने पीडि़ता को छुड़ाया।





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