प्र्र्रमाेद साेनी/ उदयपुर .(sawan somvaar)सावन के अंतिम सोमवार को भगवान महाकाल की शाही सवारी नगर भ्रमण के लिए निकालेगी। भगवान महाकाल की पारम्परिक शाही सवारी में इस बार कई चित्ताकर्षण झांकियां शामिल होंगी।
(mahakal mandir)महाकालेश्वर मंदिर सार्वजनिक प्रन्यास के सचिव चंद्रशेखर दाधीच ने बताया कि इस बार (Shahi sawari)शाही सवारी में विशेष झांकियां शामिल होगी। इसमें कालिका माता की 10 फ ीट ऊंची व 5 फ ीट चौड़ी भगवान शिव की छाती पर पैर रखे खड़ी प्रतिमा आकर्षण का केन्द्र होगी। साथ ही विशाल शिवलिंग की झांकी भी आकर्षण रहेगी। सात फीट ऊंचे शिवलिंग पर स्वचलित 54 घड़ों से मार्ग में निरंतर अभिषेक चलता रहेगा। इसका निर्माण स्थानीय कारीगर भंवर सुथार ने किया।
शाही सवारी की अगवाई नृत्य मुद्रा में गणपति करेंगे। इसके बाद विशाल नन्दी पर विराजित महादेव, शेर पर विराजित मां जगदम्बा, कार्तिकेय, विश्वकर्मा, महर्षि दधीचि, पांच नन्दी के जोड़े, गो-माता की झांकी रहेगी। यात्रा में लोक कलाकार गवरी, गणगौर, भजन मण्डली, विशाल शिवलिंग की झांकी रहेंगी। नगर भ्रमण का मार्ग में जगह-जगह स्वागत होगा। समिति के महिपाल शर्मा ने बताया कि शाही सवारी में ओगड़ी माता की प्रज्वलित धूणी चलेगी जिसमें संगुन्धित धूप बत्ती व गूगल की आहूति मार्ग को सुवासित करती चलेगी।
शनिवार को मंदिर में शाही सवारी की तैयारियों को लेकर तेजसिंह सरूपरिया की अध्यक्षता बैठक हुई। बैठक में संयोजक रमाकान्त अजारिया सुंदर लाल मांडावत ने बताया कि महाकाल की अगवानी हाथीपोल पर खटीक समाज व शनि मन्दिर ट्रस्ट की ओर से भगवान रूद्र, शनिदेव व देवी महाकाली, जगदीश मन्दिर पर भगवान विष्णु व भगवान महाकाल का स्तवन कर पुष्प भेंट करेंगे तथा भगवान महाकाल सुदर्शन-चक्रभेंट करेंगे। प्रवक्ता विनोद शर्मा ने बताया कि शाही सवारी के मार्ग पर श्रीमाली समाज की ओर से गंगा जल व गोमूत्र का छिड़काव किया जाएगा।





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