जयपुर। विश्वकर्मा रोड नंबर 17 पर ( Jaipur Crime ) शुक्रवार दोपहर को साइकिल पर रखे बोरे में एक व्यक्ति का शव देख सनसनी फैल गई। पलभर में मौके पर भीड़ जुट गई। लोगों ने साइकिल ले जा रहे युवक को पकड़ लिया और पुलिस ( Jaipur Police ) को सूचना दी। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने शव की पहचान कर उसे पोस्टमार्टम के लिए कांवटिया अस्पताल ( Kanwatia Hospital ) पहुंचाया। साइकिल सवार युवक मृतक का साथी ही निकला। पूछताछ में उसने बताया कि साथी की मौत हो जाने पर फंसने के डर से शव को बोरे में रख दफनाने ले जा रहा था।
जानकारी के अनुसार मृतक पैंतालीस वर्षीय हीरालाल यादव विश्वकर्मा में रहकर मजदूरी करता था। वह मूलत: बिहार का रहने वाला है। जबकि उत्तर प्रदेश निवासी साइकिल सवार राजकुमार गुप्ता भी यहां पर हीरालाल के साथ काम करता था। एडिशनल डीसीपी बजरंग सिंह शेखावत ने बताया कि राजकुमार से पूछताछ में सामने आया कि एक माह से हीरालाल उसके पास रहकर शराब पी रहा था।
शुक्रवार सुबह भी साथी हीरालाल को शराब पीते छोडकऱ गया था। दोपहर में लौटा तो वह कमरे में पड़ा था और उसकी मौत हो चुकी थी फंसने के डर से शव को बोरे ठूंस दिया और साइकिल के पीछे रख बांध दिया। बोरे पर हीरालाल की चप्पल रखकर उन्हें भी बांध दिया। जबकि बोरे का मुंह खुला था और उससे हीरालाल का सिर साफ नजर आ रहा था। मृतक के शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले।
पत्नी और बेटा भी रहते हैं यहां
पुलिस ने बताया कि मृतक की शराब पीने की लत के कारण पत्नी व बेटा अलग रह रहे थे। आरोपी ने पूछताछ में यह भी बताया कि हीरालाल की मौत की सूचना उसके बेटे दे दी थी। हालांकि परिजनों से इस संबंध में बातचीत नहीं हो सकी।





No comments:
Post a Comment