बीकानेर. शहर की सफाई व्यवस्था इन दिनों पटरी से उतर गई है। नगर निगम के अधिकतर सफाईकर्मी धार्मिक मेलों मंे गए हुए हैं। निगम के पास स्टाफ की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होने से शहर की गलियां सड़ांध मार रही है। जगह -जगह कचरे के ढेर लगने लगे हैं। हलांकि कुछ मोहल्लों में घर-घर कचरा संग्रहण वाहन आ रहा है, लेकिन सफाई नहीं होने से नाले-नालियां उफान मार रहे हैं।
शहर की सफाई व्यवस्था पिछले चार दिनों से बेपटरी है। शहर में सफाई के लिए १३०० से ज्यादा कार्मिक हैं, लेकिन अधिकतर मेलों मंे चले गए हैं। एेसे में गली-मोहल्लों मंे कचरा बिखरा पड़ा है। इस पर आवारा पशुओं का जमावड़ा रहता है। साथ मच्छर-मक्खी भी पनप रहे हैं।
सफाई का दावा
नगर निगम के आयुक्त प्रदीप के गवांडे का दावा है कि सभी कर्मचारी नहीं गए हैं। जितने कर्मचारी काम पर हैं, उनसे सफाई कराई जा रही है। इसके अलावा घर-घर से कचरा संग्रहण किया जा रहा है। जहां ज्यादा कचरा फैला होने की सूचना मिलती है, वहां से कचरा भी उठवाया जा रहा है।
करें वैकल्पिक व्यवस्था
पार्षद आदर्श शर्मा ने कहा कि कचरा उठाने, संग्रहण करने का काम ठेके पर है। नगर निगम प्रशासन को चाहिए कि गली-मोहल्लों मंे लगे कचरे के ढेरों को उठाने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करे। ट्रैक्टर भी ठेके पर हैं, एेसे में निगम को सफाई की व्यवस्था तो करनी चाहिए।





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