उदयपुर/ गींगला. udaipur Political news भाजपा के प्रदेश मुख्यालय की ओर से जारी मंडल अध्यक्षों की सूची में मेवल मंडल अध्यक्ष के तौर पर ऊपर से थोपे गए नाम शुरुआत में ही विरोध तेज हो गया है। थोपे गए नाम को लेकर यहां भाजपा में देा गुट बनते दिख रहे हैं। पूर्व मंडल अध्यक्ष केवाराम पटेल के समर्थन में कार्यकर्ताओं की करावली के रोड़देश्वर महादेव मंदिर परिसर में आवश्यक बैठक हुई। वरिष्ठ पदाधिकारियों ने इस मौके पर स्पष्ट किया गया कि मंडल की चुनाव संबंधी बैठक में सर्वसम्मति से निर्वतमान अध्यक्ष केवाराम के नाम का एक ही आवेदन भेजा गया था तो सूची में दूसरा नाम कहां से आया। इस मौके पर पदाधिकारियों ने पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों को चेतावनी भरे संदेश के साथ आगाह किया कि निवर्तमान अध्यक्ष केवाराम पटेल को अध्यक्ष नहीं बनाया गया तो उनकी ओर से पार्टी के विचारों का विरोध किया जाएगा। बैठक में पूर्व मंडल अध्यक्ष सोहन लाल चौधरी व हिम्मत सिंह राठौड, मंडल उपाध्यक्ष रामसिंह, केसर सिंह, उदयलाल पटेल, मंडल महामंत्री यशवंत त्रिवेदी, एसी मेार्चा जिला महामंत्री सुनील सालवी, एसटी मोर्चा अध्यक्ष केशाभाई मीणा, ओबीसी मोर्चा अध्यक्ष जयंतिलाल चैधरी, देवीसिंह, नाथूलाल पटेल, दलीचंद ओरवाडिया, किशोर सिंह गुडेल, माधु सिंह, कैशव चैबीसा आदि मौजूद रहे। बता दें कि संगठन ने दो दिन पूर्व ही मेवल मंडल अध्यक्ष पद पर नाहर सिंह राठौड़ की नियुक्ति की थी।
कार्यकर्ताओं की उपेक्षा
चुनाव अधिकारी के समक्ष केवल एक ही नाम भेजा गया था। ऐसे में दूसरे नाम को जबरन थोपा गया है। मंडल कार्यकर्ताओं में इस बात को लेकर नाराजगी है। पार्टी थोपी गई नीतियों से कार्यकर्ताओं का विभाजन कर रही है। कार्यकर्ताओं की रायशुमारी भी शामिल होनी चाहिए।
केवाराम पटेल, मेवल मंडल अध्यक्ष
परिवार का मामला
प्रदेश स्तर पर आवेदन जमा कराने की अंतिम तिथि 22 नवम्बर थी। udaipur political news मैं भी भाजपा कार्यकर्ता हूं। अध्यक्ष बनाने का निर्णय पार्टी का है। लोकतंत्र में विरोध की परंपरा है, लेकिन ये मामला भाजपा परिवार का है।
नाहरसिंह राठौड़, नवघोषित मेवल मंडल अध्यक्ष





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