बांदीकुई. शहर के सिकंदरा रोड स्थित कृषि उपज मण्डी में शुक्रवार को मण्डी समिति प्रशासन की मौजूदगी में हुई समझौता वार्ता में सहमति बनने के बाद हड़ताल खत्म हो गई है। अब शनिवार से मण्डी में जिंस की नीलामी हो सकेगी। इससे मंडी में फिर से चहल-पहल लौट सकेगी। इस मण्डी में महुवा तहसील क्षेत्र, सिकराय तहसील क्षेत्र एवं राजगढ़ तहसील क्षेत्र के किसान तक जिंस लेकर आते हैं। ऐसे में मण्डी बंद रहने से किसानों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
Palladars' strike ended in agriculture market
जानकारी के अनुसार पल्लेदार मजदूरी बढ़ाने की मांग को लेकर गत दिवस कार्य का बहिष्कार कर हड़ताल पर चले गए। इसके चलते दिनभर मण्डी में सन्नाटा पसरा रहा] वहीं लाखों रुपए का कारोबार भी प्रभावित रहा। ग्रामीण क्षेत्र से जिंस लेकर आने वाले किसानों को मण्डी बंद होने से निराश होना पड़ा और जिंस को बेचने के लिए अन्य मण्डियों में ले जाना पड़ा। पल्लेदारों का कहना था कि प्रत्येक वर्ष जनवरी माह में मजदूरी बढ़ाई जाती है, लेकिन दो दिन बीत जाने के बाद भी मजदूरी नहीं बढ़ाई गई। जबकि पल्लेदार मांगों को लेकर व्यापार मण्डल व समिति को पहले ही अवगत करा चुके थे। ऐसे में मांगों पर कार्रवाई नहीं होने पर हड़ताल पर उतारू होना पड़ा।
वहीं पल्ललेदार व व्यापारियों के बीच बुधवार को वार्ता भी हुई, लेकिन मांगों पर सहमति नहीं बनने से असफल रही। इसी कड़ी में शुक्रवार दोपहर 12 बजे मण्डी समिति कार्यालय के बाहर मण्डी समिति सचिव संतोष मीणा की मौजूदगी में व्यापारी एवं पल्लेदारों की वार्ता हुई। इसमें पल्लेदारों की 10 फीसदी मजदूरी बढ़ाने एवं 5 कट्टे तक छणाई करने पर सहमति हुई। वहीं सोमवार को काम पूरा करके जाने व मंगलवार का कोई काम हो तो उसे पल्लेदारों को पूरा करके जाने पर सहमति बनी। समझौता वार्ता में पल्लेदार संघ अध्यक्ष सीताराम, महामंत्री भगवानसहाय, व्यापार मण्डल अध्यक्ष भगवानसहाय चौधरी, महामंत्री राजेन्द्र विजय, व्यापारी संतोष बटवाड़ा, गोपाल शर्मा, मुकेश शर्मा, मुकेश जैन, जगदीश केशोपुरा एवं कैलाशचंद अग्रवाल, मण्डी समिति लिपिक विनयकुमार शर्मा भी मौजूद थे।
Palladars' strike ended in agriculture market





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