बुरहानपुर. सरकारी कार्यालयों को पेपरलेस बनाने का समय तेजी से करीब आ रहा है। शासन की गाइड लाइन पर कवायद शुरू हो गईहै।जिले के सभी विभागों में इ.ऑफिस प्रणाली लागू होगी। इस व्यवस्था से हर माह कागजों पर खर्च होने वाले हजारों रुपए की बचत होगी।
शासन की विभागीय योजनाएं ऑनलाइन हो गई हैं, लेकिन अभी तक कार्यालयों में स्टेशनरी का उपयोग किया जा रहा है। सरकार की ओर से जिला कार्यालयों में इ.ऑफिस प्रणाली को लागू करने के लिए अधिकारियों और कर्मचरियों को ई दक्षता का प्रशिक्षण देकर तैयार किया जा रहा है। इ. गवर्नेंस जिला प्रबंधक मनोज मोहरे ने बताया कि शासन की मंशानुसार सरकारी कार्यालयों को पेपरलेस करने के लिए इ दक्ष केंद्र पर विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को दो चरण में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। कंप्यूटर के मध्यम से सरकारी कर्मियों को इस पोर्टल सहित अन्य जानकारी देने के लिए मास्टर ट्रेनरों को प्रशिक्षित किया गया। ताकि वह इस ई प्रणाली के पूरे सिस्टम को समझ सकें। इ दक्ष केंद्र पर अब तक हजारों कर्मचारियों को इ ऑफिस से जुड़ी जानकारी दी गई। विभागों के अधिकारी, कर्मचारी,ऑपरेटरों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। उन्हें प्रैक्टीकल करते हुए इस पूरे सिस्टम को समझाया जा रहा है।
इ ऑफिस से यह होंगे फायदें
सरकारी कार्यालयों में कागजों और फाइलों पर कार्य चल रहा है।इससे लोग परेशान होते हैं। कोई भी कार्य की फाइल ऑनलाइन दर्ज होगी तो वह समय सीमा में संबंधित अधिकारी के पास पहुंचाना जरुरी होगा। इ.ऑफिस व्यवस्था लागू होने के बाद फाइलों को रोकने की आशंका समाप्त हो जाएगी। नई व्यवस्था लागू करने से सरकारी कार्यालय हाईटेक बनाए जाएंगे। नई व्यवस्था से कागजों की बचत के साथ पारदर्शिता आएगी।
४ विभागों के २८ कर्मचारियों को दिया प्रशिक्षण
शनिवार को कलेक्टर कार्यालय के इ दक्ष केंद्र पर नगर निगम, जिला स्वास्थ्य विभाग, पशु चिकित्सालय के २८ कर्मचारियों को १४ दिवसीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जिसमें कंप्यूटर का बेसिक कोर्स, पोर्टल की जानकारी, इंटरनेट चलाने का तरीका, फाइल और हिंदी, अंग्रेजी टाइपिंग की जानकारी दी जा रही है।हर माह दो चरण में ५० से ६० कर्मचारियों को ई प्रणाली की जानकारी देकर प्रशिक्षित किया जाता है।





No comments:
Post a Comment