Breaking News
recent

राज्य व जिले की सीमा सील, पैदल आने आने पर भी रोक,  जिला प्रशासन ने निषेधाज्ञा 14 अप्रेल तक बढ़ाई

प्रतापगढ़. कोरोना वायरस संक्रमण की रोकथाम को लेकर जिला प्रशासन ने राजस्थान और जिले की सीमा का पूरी तरह सील कर दिया है। साथ ही धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा के प्रावधान 14 अप्रेल तक बढ़ा दिए गए हैं। अब जिले की सीमा पर वाहन ही नहीं पैदल ाी कोई नहीं आ जा सकेगा। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि लॉक डाउन का उल्लंघन करने वालों पर अब पूरी तरह सख्ती बरती जाएगी। लोगों से कहा गया है कि वे जहां है, वहीं रहे। उनके उनके रहने और खाने पीने की व्यवस्था की गई है। जिले के लिए राहत की बात यह है कि कोरोना पॉजिटिव पाए गए दम्पती नेगेटिव घोषित किए गए है और उन्हें उदयपुर चिकित्सालय से प्रतापगढ़ निगरानी में रखा गया है। जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल ने बुधवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि कोरोना वायरस कोविड-19 को महामारी घोषित करने पर जिले में धारा 144 दण्ड प्रक्रिया संहिता के तहत जारी निषेधाज्ञा आगामी 14 अप्रेल की मध्य रात्रि तक प्रभावी रहेगी। इसके तहत प्रतापगढ़ की सीमा को सील कर दिया गया है। इसके तहत प्रतापगढ़ जिले से लगे हुए राज्य एवं जिलों से प्रतापगढ़ जिले में वाहनों एवं पैदल आने वाले व्यक्तियों का प्रवेश पूर्णतया निषेध किया गया है। विशेष परिस्थितियों में जिला कलक्टर, अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट एवं संबंधित उपखण्ड मजिस्ट्रेट से आवागमन की अनुमति प्राप्त की जा सकेगी। उन्होंने बताया कि सभी नागरिको को इस आदेश की पालना करने एवं अवहेलना नही करने के प्रावधान भी किए गए है। निषेधाज्ञा की अवहेलना या उल्लघंन करने पर भारतीय दण्ड संहिता की धारा 18 8 के तहत दण्डनीय प्रावधान है। प्रशासन द्वारा आवश्यक वस्तुओं की डोर टू डोर डिलीवरी करवाई जा रही है। अतिरिक्त जिला कलक्टर गोपाललाल स्वर्णकार ने बताया कि आवश्यक खाद्य सामग्री एवं पैकेट वितरित किए जा रहे है। जिले में फल, सब्जी की सप्लाई नियमित रूप से हो रही है। उन्होंने जिला प्रशासन द्वारा लॉक डाउन के दौरान की जा रही व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी।
भीलवाड़ा के 440 लोग प्रतापगढ़ में क्वारटाइन में
उन्होंने बताया कि कर्नाटक से जिला सीमा पर लौटे लोगों की स्क्रीनिंग की गई और उन्हें प्रदेश के गन्तव्य स्थलों के लिए रवाना किया गया। भीलवाड़ा के 440 लोगों की स्क्रीनिंग कर यहां कोरन्टाइन किया गया है। निकटवर्ती मध्यप्रदेश राज्य से लौटे लोगों को पीपलखूंट में ही निगरानी में रखा गया है। उन्होंने कहा कि बाहर से लौटने वाले लोगों की स्क्रीनिंग की गई और गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य जांच भी करवाई गई है।
9 लाख से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग
जिले में कोरोना वायरस कोविड-19 संक्रमण की रोकथाम के लिए अब तक 9 लाख 34 हजार 374 लोगों की स्क्रीनिंग की गई है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वीके जैन ने बताया कि ओपीडी में 48 हजार 18 2 लोगों की स्क्रीनिंग की गई है। जिले में 551 लोगों को क्वारंटाइन किया गया है और 4 हजार 42 को हॉम आइसोलेशन में रखा गया है।
पेंशनर्स समाज ने एक लाख 11 हजार 111 रूपए का चेक सौंपा
प्रतापगढ़.़ कोरोना पीडि़तों के सहायतार्थ पेंशनर्स समाज भी आगे आया है। राजस्थान पेंशनर्स समाज की प्रतापगढ़ शाखा ने जिला कलक्टर को ‘जिला कलक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट (कोविड-19) प्रतापगढ़’ के नाम एक लाख 11 हजार 111 रूपए का चेक सौंपा।
चिकित्सालयों का समय अब सुबह 8 से 2 बजे तक
जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल ने बताया कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य शासन उप सचिव के निर्देशानुसार विश्व स्वास्थ्य संगठन तथा संयुक्त राष्ट्र द्वारा कोरोना वायरस (कोविड-19) संक्रमण को पेनेडेमिक घोषित किया गया है। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधीन आने वाले समस्त चिकित्सा संस्थानों एवं जनता क्लीनक में ओपीडी एक पारी में प्रात: 8 से दोपहर 2 बजे तक संचालित किए जाएंगे।



Rajasthan Darpan IFTTT

Rajasthan Darpan IFTTT

No comments:

Post a Comment

Powered by Blogger.